शिमला/चन्द्रिका: कसुम्पटी की विभिन्न पंचायतों में पानी की समस्या को लेकर हिमाचल किसान सभा का प्रतिनिधिमंडल प्रमुख अभियंता जल शक्ति विभाग ई. संजीव कौल से मिला। डॉ. कुलदीप सिंह तंवर की अध्यक्षता में प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन सौंपा। डॉ. तंवर ने बताया कि प्रमुख अभियंता और मुख्य अभियंता से प्रतिनिधिमंडल की बैठक सकारात्मक रही और सभी मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई। विभाग ने समस्याओं के हल का आश्वासन दिया। ज्ञापन में प्रमुखता से बणी, मखोड़ल, धमान्दरी, देहना, चियोग, नाला, भेखल्टी, गलू-कलां में पानी की समस्या को उठाया गया और मांग की गई कि शिमला शहर के लिए जीइरी परियोजना से आने वाले 2 करोड़ लीटर पानी से इस क्षेत्र के लिए कम से कम ढाई लाख लीटर पानी तो दिया जाए।
डॉ. तंवर ने कहा कि यह मांग बिलकुल जायज़ है क्योंकि पानी उठाने से पहले यहां की जनता से वायदा किया गया था कि उन्हें भी इस स्कीम से पानी मिलेगा। इस वायदे के आधार पर लोगों ने पाइप लाइन के लिए अपनी ज़मीन दी। लेकिन आज न तो इस क्षेत्र को इस परियोजना से पानी दिया गया और न ही लोगों को ज़मीन केए उचित मुआवजा मिला। डॉ. तंवर ने मांग की कि जिन किसानों की ज़मीन से पानी की पाइपें गई हैं, उन्हें माननीय उच्च न्यायालय द्वारा निर्धारित राशि के अनुसार 85 हजार रुपए बिस्वा मुवावज़ा दिया जाए।
एसजेपीएनएल की बैठक में रखा जाए एजेंडा
डॉ. कुलदीप सिंह तंवर ने कहा कि कल एसजेपीएनएल के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक हो रही है। बैठक में इस समस्या के समाधान पर भी एजेंडा रखा जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि गत 22-23 जुलाई को एसजेपीएनएल के दफ्तर पर किसान सभा का धरना हुआ था जिसमें एसजेपीएनएल और जलशक्ति विभाग ने पानी की समस्या के समाधान के लिए 15 दिन का समय मांगा था। लेकिन अब दो महीने हो रहे हैं। लोग हल चाहते हैं। डॉ. तंवर ने कहा की अगर अभी भी जनता को राहत नहीं मिली तो लोग फिर से प्रदर्शन के लिए मजबूर हो जाएंगे। इसके अलावा कांगर खड्ड से काछट के लिए बन रही पानी की स्कीम को जल्दी तैयार करने की मांग भी उठाई ताकि स्कीम चालू होने के बाद काछट को दिया जा रहा पानी अन्य क्षेत्रों को दिया जा सके।
पानी के वितरण को दुरुस्त करने की मांग
ज्ञापन में नालदेहरा पंचायत में बोर वेल के पानी को अवैध रूप से बेचने का मामला भी उठाया गया। जिस पर किसान सभा के हस्तक्षेप से रोक लगी थी। अब उस बोर वेल को प्लग करने की मांग की गई है। वहीं इस पंचायत में जखल्याणा और प्राहणी गांव में पानी के वितरण को दुरुस्त करने की मांग की गई। बल्देयां पंचायत में साका नाल से सौंल के लिए ग्रेविटी की स्कीम के अन्तर्गत सौंल, चनाई, तगेड़ी, धाली, मानला के लिए सप्लाई होने वाले पानी की मात्रा पर्याप्त नहीं है इसलिए इसमें कोटी रिसोर्ट के पास बने टैंक से सधोड़ा टैंक में सवा इंच पानी डाल कर सप्लाई को ठीक करने की मांग की गई।
