अरविंदर सिंह,हमीरपुर : इसी माह जिला हमीरपुर के स्कूलों में छात्राओं की एनीमिया की जांच की जाएगी। यह जांच स्कूलों में शिक्षा ग्रहण कर रही 11 से 19 वर्ष तक कि आयु की छात्राओं की कि जाएगी। एनीमिया मुक्त अभियान के दूसरे चरण में इस प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा। सभी सरकारी और निजी स्कूलों में छात्राओं की यह जांच की जाएगी। जिला में इस अभियान को सुनियोजित ढंग से पूरा करने के लिए गुरुवार को एडीसी जितेंद्र सांजटा की अध्यक्षता में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई।
एडीसी जितेंद्र सांजटा ने बताया कि इस अभियान के दूसरे चरण में भी राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत मोबाइल हेल्थ टीमें विद्यार्थियों की जांच करेंगी और शिक्षण संस्थानों के नोडल अधिकारी एमएमबीएसवाई ऐप के माध्यम से गूगल शीट्स पर इसकी एंट्री करेंगे। इस ऐप के माध्यम से अभियान की लगातार मॉनीटरिंग की जाएगी। एडीसी ने बताया कि इस समय जिला के सरकारी एवं निजी स्कूलों में 11-19 वर्ष के आयु वर्ग के सभी छात्राओं की जांच की जाएगी। एडीसी ने प्रारंभिक शिक्षा और उच्चतर शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे संबंधित बीएमओ के साथ समन्वय स्थापित करके ओर शेड्यूल निर्धारित करके इसी माह 11-19 वर्ष की छात्राओं की स्क्रीनिंग सुनिश्चित करवाएं, क्योंकि मार्च में वार्षिक परीक्षाओं और अप्रैल में नई एडमिशन के कारण स्कूलों में एक साथ सभी छात्राएं उपलब्ध नहीं हो पाएंगी।
बैठक में अभियान से संबंधित अन्य मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। एडीसी ने महिला एवं बाल विकास विभाग और शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अभियान के पहले चरण के दौरान स्क्रीन किए गए सभी बच्चों का डाटा एक सप्ताह के भीतर ऐप पर अपलोड करें।
88 बच्चे गंभीर एनीमिया तो 8704 बच्चे मध्यम एनीमिया से ग्रस्त
बता दें कि एनीमिया मुक्त अभियान के तहत पिछले अक्तूबर माह के दौरान पहले चरण में जिला में 6 माह से 10 वर्ष तक के आयु वर्ग के 38,612 बच्चों की जांच की गई थी। इनमें 88 बच्चे गंभीर एनीमिया और 8704 बच्चे मध्यम एनीमिया से ग्रस्त पाए गए थे। इन बच्चों को स्वास्थ्य विभाग की ओर से आवश्यक दवाईयां दी जा रही हैं।
