राहुल चावला, धर्मशाला: 5 देशों ओर भारत के अलग-अलग राज्यों के कलाकारों की कलाकृतियों को अगर आप एक साथ देखना चाहते हैं तो इसके लिए आपको कांगड़ा आर्ट म्यूजियम का रुख करना होगा। कांगड़ा आर्ट म्यूजियम में गुरुवार से एक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया है जिसमें भारत के अलग-अलग राज्यों से कलाकार भाग ले रहे हैं। वहीं पांच अन्य देशों के कलाकारों की कलाकृतियां भी इस प्रदर्शनी में शामिल की गई हैं।
आर्ट इन नेचर थीम पर आयोजित इस प्रदर्शनी का शुभारंभ आर्ट कॉलेज चंडीगढ़ के ईश्वर दयाल ने किया। कांगड़ा आर्ट म्यूजियम धर्मशाला की ओर से इस इवेंट का आयोजन सोसायटी फॉर प्रबाल प्रमाणिक एकैडमी आफ आर्टस भमलाडा के सहयोग से किया जा रहा हैं। इस प्रदर्शनी में 35 कलाकार भाग ले रहे हैं।
ईश्वर सिंह ने प्रदर्शनी का शुभारंभ करते हुए कहा कि 5 देशों सहित भारत के विभिन्न राज्यों के कलाकार यहां आए हैं। उन्होंने कहा कि प्रबाल प्रमाणिक को हिमाचल से बहुत प्यार था, यही वजह है कि वह कोलकाता से होने के बावजूद हिमाचल में जिला कांगड़ा के बॉर्डर पर बस गए हैं। वर्तमान में अनूप उनकी अकेडमी को आगे बढ़ा रहे हैं। तीन दिवसीय इंटरनेशनल प्रदर्शनी ने प्रबाल प्रमाणिक प्रेरणा से ही लगी हैं। उनकी अकेडमी का प्रयास है कि देश-विदेश के कलाकारों को अकेडमी से जोड़ा जा सके।
इग्नू दिल्ली के सहायक आचार्य एवं कलाकार डॉ. लक्ष्मण प्रसाद ने बताया कि देश-विदेश के कलाकार यहां आए हैं। 100 से अधिक कलाकार यहां पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रदर्शनी से यहां के छात्रों को नई तकनीक सीखने को मिलेंगी। वहीं बंगलादेश से आए कलाकार तौहिद सीमुल ने बताया कि मैं एबस्ट्रेक्ट वर्क करना पसंद करता हूं। इससे पहले भारत सहित बंगलादेश, नेपाल, भूटान और विदेशों में भी पेंटिंग प्रदर्शनियों में हिस्सा ले चुका हूं। अजमेर राजस्थान की कलाकार डॉ.शारदा देवड़ा ने बताया कि वह वाटर कलर पेंटिंग बनाती हैं उन्होंने कहा कि मेरे पिता भी कलाकार हैं और मैं भी कृतियां बनाती हूं।
