शिमला/चन्द्रिका: आईजीएमसी शिमला में ऑलमाइटी ब्लेसिंगज़ संस्था द्वारा संचालित की जा रही लंगर सेवा की बिजली व पानी को काटने पर सीपीआईएम राज्य कमेटी ने कड़ी निंदा की है। उन्होंने इसे मानवताविरोधी कदम करार दिया है। पार्टी नेताओं ने ऑलमाइटी संस्था द्वारा रिज मैदान पर अटल बिहारी वाजपाई की प्रतिमा के नीचे किए गए सत्याग्रह में शिरकत की व एकजुटता प्रकट की। पार्टी ने प्रदेश सरकार व आईजीएमसी प्रशासन को चेताया है कि अगर उन्होंने लंगर सेवा में राजनीति करने की कोशिश की तो जनता सड़कों पर उतरकर इसके खिलाफ आंदोलन करेगी।
निःस्वार्थ भाव से मरीजों व तीमारदारों की सेवा कर रहे
सीपीआईएम के शिमला विधानसभा के प्रत्याशी टिकेंद्र सिंह पंवर, पार्टी के शिमला शहर के चुनाव संयोजक विजेंद्र मेहरा व सह संयोजक जगत राम ने आईजीएमसी में लंगर सेवा पर आईजीएमसी प्रशासन व भाजपा सरकार की राजनीति व दमन पर कड़ा आक्रोश जाहिर किया है। उन्होंने कहा कि उक्त लंगर से आज तक मरीजों के लाखों तीमारदारों को दो वक्त की रोटी नसीब हुई है। यह सेवा निशुल्क दी जा रही है जबकि दूसरी ओर सरकार के चहेते आदमी द्वारा आईजीएमसी में मुफ्त लंगर की आड़ में हर व्यक्ति से प्रतिदिन रैन-बसेरा के नाम पर 200 रुपए वसूले जा रहे हैं। तीमारदारों से यह लूट करने वाले व्यक्ति को बिजली, पानी व हजारों वर्ग फीट क्षेत्र आईजीएमसी व रिपन अस्पताल में मुफ्त में आबंटित किए गए हैं। एक ही विभाग व संस्था में दो तरह के नियम मान्य नहीं हो सकते हैं। यह भाई-भतीजवाद, भ्रष्टाचार, अनैतिकता व सरकारी संरक्षण के दायरे में आता है।
लंगर सेवा की बिजली व पानी किया जाए बहाल
सीपीआईएम ने कहा कि इस संस्था के संयोजक सरबजीत बॉबी पिछले आठ वर्षों से निस्वार्थ भाव से मरीजों व तीमारदारों की सेवा कर रहे हैं परन्तु उन्हें बेवजह तंग किया जा रहा है। वह स्वयं स्वास्थ्य परेशानियों से जूझ रहे हैं व हाल ही में उनका किडनी ट्रांसप्लांट हुआ है। इसके बावजूद भी सरबजीत बॉबी निस्वार्थ सेवाएं देते रहे हैं। सीपीआईएम राज्य कमेटी ने कहा है कि अगर लंगर सेवा की बिजली कि पानी बहाल न किये गए तो आंदोलन आगे बढ़ेगा।
