भावना शर्मा: मैदानी इलाकों से पर्यटक सर्द हवाओं का लुत्फ लेने के लिए हिमाचल का रुख कर रहे हैं, लेकिन हालात यह है कि इस बार पहाड़ों पर ठंडी हवाएं नहीं बल्कि सर्दी में भी गर्मी का एहसास हो रहा हैं। सर्दी के महिनों में ही पहाड़ तपना शुरू हो गए हैं। हालात यह हैं कि इस बार तापमान में आए बदलाव की वजह से क़ई सालों के रिकॉर्ड टूट रहे हैं। फरवरी के महीने में जहां पर रहता कब बर्फबारी का दीदार करने के लिए शिमला और अन्य पर्यटन क्षेत्रों में पहुंचते थे। वहीं इस बार बर्फबारी तो दूर,लेकिन यहां पहुंचकर पर्यटकों को सर्द हवाएं भी नसीब नहीं हो रही हैं।
हालात इस तरह के बन गए हैं कि गर्मी ने इस बार फ़रवरी माह ने 17 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया हैं।
शिमला शहर में इस सीजन के दौरान एक बार भी बर्फ़बारी नहीं हुई हैं। कम बर्फ़बारी होने से प्रदेश में इस बार गर्मी ज्यादा होने की संभावना जताई जा रही हैं।
बता दें कि 18 फ़रवरी को शिमला में तपमान में 17 वर्षों में सबसे अधिक रहा हैं। इस दिन 17 वर्षों में सबसे गर्म दिन रहा हैं। राजधानी शिमला में अधिकतम तापमान 23.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इससे पहले वर्ष 2006 में 19 फरवरी को 22.6 डिग्री न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया था। जहां राजधानी शिमला में दिन गर्म हो रहे हैं वहीं फरवरी माह की रातें भी तपने लगी हैं।
18 फरवरी को शिमला के न्यूनतम तापमान में रिकॉर्ड तोड़ वृद्धि हुई हैं। शिमला में 18 फरवरी को 14.4 न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया हैं इससे पहले वर्ष 2015 में शिमला का न्यूनतम तापमान 14.2 डिग्री था। सोलन में 16 फ़रवरी को अधिकतम तापमान 29.5 डिग्री दर्ज किया गया था। इससे पहले वर्ष 2021 में 28.5 डिग्री दर्ज किया गया था।
पर्यटकों को भी हो रहा गर्मी का एहसास
राजधानी शिमला में घूमने आने वाले पर्यटकों को भी यहां फरवरी माह में ही गर्मी का एहसास हो रहा हैं। पर्यटकों का कहना हैं कि वह इस से पहले भी इस मौसम में शिमला आते रहे है लेकिन इस बार फ़रवरी माह में ही ऐसा लग रहा है कि शिमला में वह सर्दी के मौसम में नहीं बल्कि गर्मी के मौसम में घूमने आएं हैं। अब शिमला के मौसम में बहुत ज्यादा बदलाव देखने के लिए रहा हैं। यह साफ नजर आ रहा है कि यह ग्लोबल वार्मिंग का ही असर है कि अब पहाड़ भी सर्दियों के मौसम में तपने लगे हैं।
बढ़ सकता हैं पानी का संकट
शिमला में इस बार बर्फबारी ना के बराबर हुई है ऐसे में अब गर्मियों के दिनों में राजधानी में जल संकट गहराने की उम्मीद भी बहुत ज्यादा बढ़ चुकी हैं। शिमला में वैसे ही पानी की किल्लत बनी रहती हैं और जब बर्फबारी इस बार नहीं हुई हैं तो जल स्त्रोतों में पानी की कमी होगी जिससे पानी की समस्या से राजधानी के बाशिंदों को परेशान होना पड़ सकता हैं।
शनिवार को ये रहा हैं प्रदेश में तापमान
शनिवार को ऊना में अधिकतम तापमान 30.4, भुंतर में 29.7, मंडी में 29.2, बिलासपुर में 28.6, हमीरपुर-चंबा में 27.3, कांगड़ा में 27.0, धर्मशाला में 26.5, नाहन में 25.3, शिमला में 23.2, मनाली में 20.0, कल्पा में 17.6 और केलांग में 7.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
