बिलासपुर: केंद्र सरकार की ओर से स्वतंत्र ऐजेंसियों में राजनीतिकरण व विपक्ष के नेताओं सोनिया गांधी, राहुल गांधी को बेवजह तंग करने के विरोध में बुधवार को भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन इकाई घुमारवीं ने कैंपस अध्यक्ष रोहित चौहान की अध्यक्षता में धरना प्रदर्शन किया।
इस मौक़े पर रोहित ने कहा कि ऐसे समाचार जिनकी स्थापना आजादी के संघर्ष को और मजबूत करने के लिए पुरे देश के लोगों को जागरूक करने के लिए 1938 मे पुरे भारत वर्ष मे अलग-अलग जगहों पर की गई। जिन समाचार पत्रों ने आजादी की लडाई मे अपना अभिन्न योगदान दिया मोदी सरकार उन समाचार पत्रों को खत्म करना चाहती है, उनकी विश्वसनीयता खत्म करना चाहती है। तभी स्वतंत्रता की लडाई मे अपना योगदान देने वाले समाचार पत्रों का ढाल बना कर वर्ष 2015 से तथाकथित स्वतंत्र संस्था(ED) National Herald मामले की जांच कर रही है लेकिन 2022 तक उनकी जांच ही खत्म नहीं हो रही है।
उन्होंने कहा कि जब भी देश मे महंगाई, बेरोजगारी जैसे मामले पर सरकार जवाब नहीं दे पाती है तो ईडी, सीबीआई सतासीन सरकार की ढाल बन कर उनके आग्रिणी संगठन की भूमिका में आ जाते है और मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए विपक्ष के नेताओं को जांच के लिए बुला लिया जाता है। यही अभी मौजूदा मामले मे किया जा रहा है और विपक्ष के नेताओं के ऊपर झूठे आरोप लगाकर मौजुदा मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए यह सब प्रोपेगेंडा अपनाए जा रहे है जिसका एनएसयूआई जिला बिलासपुर इकाई पुर जोर विरोध करती है।
