मंडी : धर्मवीर (TSN)- मंडी जिला के मातृ एवं शिशु अस्पताल में एक बार फिर से स्त्री रोग एवं प्रसूति संबंधित सभी सेवाएं मरीजों को मिलना शुरू हो गई हैं। वीरवार को एक और स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ उषा ने मेडिकल अवकाश के बाद अपनी सेवाएं देना शुरू कर दी हैं। वहीं एक अन्य स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ तनु भी बीते मंगलवार को अपनी सेवाओं पर लौट आई हैं।
डाक्टरों के बार बार अवकाश पर जाने से मरीज थे परेशानियां
बता दे कि बीतें कुछ महीनों से मातृ शिशु अस्पताल में स्त्री रोग विशेषज्ञों की सेवाएं सुचारू रूप से ना होने से यहां पहुंचने वाले मरीजों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में महिला मरीजों को निजी अस्पतालों व नेरचौक मेडिकल कॉलेज की ओर रूख करना पड़ रहा था। दोनों स्त्री रोग विशेषज्ञों के मेडिकल अवकाश से बाद फिर से अपनी सेवाएं शुरू करने से स्त्री रोग से संबधित सभी सेवाएं अस्पताल में मिलना शुरू हो गई है। बता दें कि कागजों में इस समय मातृ शिशु अस्पताल में 4 स्त्री रोग विशेषज्ञों की तैनाती हैं। लेकिन इनमें इसे एक स्त्री रोग विशेषज्ञ पिछले कुछ महीनों से मातृत्व अवकाश व एक स्त्री रोग विशेषज्ञ ट्रेनिंग पर हैं। वहीं दो अन्य स्त्री रोग विशेषज्ञों के बार-बार मेडिकल अवकाश पर रहने से मरीजों को निराश होकर लौटना पड़ रहा था। डाक्टरों के अवकाश पर रहने के कारण अस्पताल प्रबंधन को डिप्यूटेशन पर डाक्टर बुलाकर काम चलाना पड़ रहा था। दोनों डाक्टरों के एक बार फिर ज्वाइन करने से मरीजों ने राहत की सांस ली है। जोनल अस्पताल मंडी एमएस डॉ धर्म सिंह ने बताया कि मेडिकल अवकाश के बाद दोेनों स्त्री राग विशेषज्ञों ने अपनी सेवाएं शुरू कर दी है। जिससे मातृ एवं शिशु अस्पताल में स्त्री रोग से संबंधित सभी सेवाएं मरीजों को मिलना शुरू हो गई है।
बता दें कि इस अस्पताल का उद्घाटन पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बीते साल 11 जुलाई 2022 को किया था। लगभग 30 करोड़ की लागत से बने इस अस्पताल में 100 बिस्तरों की क्षमता है। रोजाना यहां ओपीडी सहित सैंकड़ों मरीज अपना इलाज कराने पहुंचते हैं। लेकिन अस्पताल में डाक्टरों के बार बार अवकाश पर रहने से मरीजों को कई तरह की परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं।
