बिलासपुर : सुभाष ठाकुर- बिलासपुर में युवा मौतों का कारण बन रहा चिट्टा नशे के खिलाफ अब लोग घरों से बाहर निकलना शुरू हो गए हैं। वीरवार को इसी मसले पर वार्ड नंबर आठ के पूूर्व पार्षद अनिल किशोर की अगवाई में विशाल रैली का आयोजन किया गया। जिसमें मातृ शक्ति के अलावा युवा वर्ग ने बढ़चढ़ कर भाग लिया। यह रोष रैली महर्षि वाल्मीकि मंदिर से शुरू होकर मुख्य बस स्टैंड, मेन मार्केट और कोर्ट रोड़ से होते हुए उपायुक्त कार्यालय तक पहुँची, जहां पर एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपा और उनसे मांग की गई कि बिलासपुर से चिट्टा नशा समाप्त करने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं ताकि युवा पीढ़ी को मौत के मुंह में जाने से बचाया जा सके।
इस अवसर पर पूर्व पार्षद अनिल किशोर ने बताया कि वर्तमान में चिट्टा नशा नगर के अधिकांश घरों में दस्तक दे चुका है। डियारा सेक्टर इसका गढ़ बन चुका है। हालांकि शहर के कई सैक्टरो में युवा नशे में डूब कर अपनी जान गंवा चुके हैं , लेकिन डियारा सेक्टर में यह आंकड़ा बहुत ज्यादा है। उन्होंने कहा कि पुलिस चूंकि आए दिन चिट्टा नशे में संलिप्त या चिट्टे का कारोबार करने वालों को पकड़ रही है , लेकिन यह नाकाफी है। क्योंकि यह नशा समाज के लिए कैंसर का रूप धारण कर चुका है। इसलिए इस नशे के खात्मे के लिए बड़े आपरेशन की जरूरत है।
अनिल किशोर ने कहा कि जनता पुलिस प्रशासन का इस मामले में पूर्ण सहयोग करने को तैयार है। उन्होंने कहा कि जनता पुलिस को इस नशे का धंधा करने वालों के नाम व पहचान बताएगी तथा पुलिस इस मामले में कड़ी से कड़ी कार्यवाही करे जिससे
दोबारा यह नशा पनप न सके। उन्होंने कहा कि चिट्टा नशे से हो रही मौतें भविष्य के लिए भी चिंता का विषय है। कई माताओं की गोदें सूनी कर चुके इस
नशे को समाज से दूर भगाने के लिए जनता घरों से बाहर निकलना शुरू हो गई है जो कि अच्छे संकेत है। गौरतलब है कि बिलासपुर में चिट्टा नशा चरम पर है
तथा इसके दुष्परिणाम सामने आना शुरू हो गए हैं। लोगों को अपने नौनिहालों की चिंता सता रही है। लोगों का मानना है कि एक पीढ़ी चिट्टे की भेंट चढ़ चुकी है लेकिन अगली पीढ़ी को किसी न किसी तरह से बचाया जाना चाहिए।
