संजु चौधरी, शिमला: शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय समर फेस्टिवल का भव्य आगाज हो गया हैं। फेस्टिवल की पहली सांस्कृतिक संध्या पर पुलिस बैंड ‘हारमनी ऑफ द पाइन’ के कलाकारों ने खूब समां बांधा। पुलिस बैंड की टीम ने हवा के साथ-साथ,,संदेशे आते हैं,सहित देशभक्ति के गीतों पर प्रस्तुतियां दीं। खचाखच भरे रिज मैदान पर स्थानीय लोग और सैलानी गानों पर जमकर थिरके। लोक गायक लोकेंद्र चौहान और हन्नी नेगी ने भी एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां दीं। वहीं लोकेंद्र चौहान की नाटी धोखा केई त देया तऐ धोखा सचे मेरे प्यारो दा,शेला लागा दे कंब्लू बबली प्यारीए, हो सरला कमला खेलों क्रिकेट,इंदू बिंदु शेतु लाडीऐ,वही हन्नी नेगी ने बलड़ी दा तुड़का लानदी जे बालम, इना बढ़िया जो तुड़का, ओरे दे मेरी डाची आदि कई गाने गाए।
कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल बतौर मुख्य अतिथि मौजूद रहे। इससे पहले स्कूली छात्र-छात्राओं सहित उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र पटियाला की ओर से भी प्रस्तुति दी गई जिसमें जम्मू एवं कश्मीर, उत्तराखंड, राजस्थान, हरियाणा ओर पंजाब राज्यों के कलाकारों ने पर्यटकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। इस दौरान पंडाल पूरी तरह भरा हुआ था। कई सैलानी ग्रुपों में डांस करते रहे। शुक्रवार को फेस्टिवल की दूसरी सांस्कृतिक संध्या पर नाटी किंग कुलदीप शर्मा रंग जमाएंगे।
अंतरराष्ट्रीय समर फेस्टिवल में प्रैस ब्लॉक गायब
पहली बार रिज मैदान पर अंतरराष्ट्रीय समर फेस्टिवल में पहली बार देखने को मिला कि प्रैस ब्लॉक को नहीं बनाया गया हैं। सिर्फ वी.आई.पी ब्लॉक ही बनाया गया हैं। वहीं इस बार प्रैस के लिए कोई पास की सुविधा नहीं हैं। जिला प्रशासन ने वी.आई.पी पास ही बनाए हैं। यह पहली बार देखने को मिला हैं। इसके अतिरिक्त वी.आई.पी ब्लॉक के ऊपर तंबू लगाए गए है जिस कारण बाहर से देखने वाले लोगों को अंतरराष्ट्रीय स्टेज दिखाई नहीं दे रहा हैं। वहीं रिज मैदान पर आम जनता के बैठने के लिए कुर्सियों की संख्या काफी कम की गई हैं। इस कारण काफी कम संख्या में लोग कुर्सियों पर बैठ पाए।
तवी मोड-मशोबरा पर लगे नाके
शिमला ग्रीष्मोत्सव के दौरान तवी मोड़ व मशोबरा में नाके लगे। रात 9 बजे से लेकर सुबह 5 बजे तक यहां पर नाका बंदी रही। इसके अलावा शहर के उपनगरों पर भी शाम 6 बजे से 11 बजे तक पुलिस की गश्त रहीं। इसके अलावा कार्यक्रम खत्म होने के बाद पुलिस के जवान हर रास्ते पर निकले ओर शरारती तत्वों पर अपनी पैनी नजर रखी।
देर रात तक चलती रही टैक्सी व बसें
शहर के लोगों के लिए जिला प्रशासन ने देर रात तक टैक्सी व बसों को उचित प्रबंध किया हुआ था। रात 11 बजे तक टैक्सी व बसें चलती रही ताकि लोग समर फेस्टिवल देखकर आसानी से अपने घर तक पहुंच सके। मगर अधिकतर लोग पैदल ही अपने घरों तक पहुंचे, क्योंकि गाडिय़ों व बसों में लोगों की काफी भीड़ लगी थी। जिला प्रशासन ने पहली बार अंतरराष्ट्रीय समर फेस्टिवल में स्कैंडल प्वांइट पर गेट लगाया हैं। वहीं रिज मैदान पर स्थानीय लोगों व पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए प्रशासन ने छोटे-छोटे स्लोगन लगाए हैं। इन स्लोगन के माध्यम से समर फेस्टिवल के बारे में बताया गया हैं। कुछ स्लोगन पहाड़ी भाषा में भी लिखे गए हैं। इन स्लोगनों को लोग बड़े चाव के साथ पढ़ रहे हैं।
