बिलासपुर : सुभाष ठाकुर (TSN)- इस मंहगाई के दौर में 3900 रुपये के मासिक वेतन से परिवार का गुजारा नहीं होता और प्रदेश सरकार ने चुनावों से पहले जो वायदा किया था उसे जल्द पूरा करें। यह बात इंटक से ऑल हिमाचल पीडब्ल्यूडी, आईपीएच एंड कांट्रेक्चुअल वर्कर्ज यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष रजनीश ने घुमारवीं में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहीं हैं। उन्होंने सरकार से आग्रह किया है कि कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखकर चार साल में नियमित करने की पॉलसी बनाने का फैसला जल्द ले और जिन कर्मचारियों को पांच साल हो गए हैं, उन्हें नियमित किया जाए।
यूनियन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष महेश शर्मा ने कहा कि सरकार को बनें हुए अब काफी समय हो चुका है और उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने चुनावों के समय यूनियन के वर्करों से वायदा किया था कि अगर कांग्रेस सरकार सत्ता में आती है तो चार सालों में कर्मचारियों को नियमित किया जाएगा। उस वादे को अब सरकार को पूरा करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जलशक्ति विभाग में तैनात पंप चालक दिन रात एक करके काम कर रहे है । जबकि उनके साथ चौकीदार नही है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया है कि पंप चालको के साथ एक चौकीदार भी दिया जाए। उन्होंने कहा कि बिजली विभाग में तैनात टी मेट दो साल में अनुबंध पर आ जाते है। इसीलिए प्रदेश सरकार जलशक्ति विभाग में तैनात पैर वर्कर्स को भी चार साल में नियमित किए जाएं। लेकिन अभी तक सरकार इस बारे में कोई बातचीत नही कर रही है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द जल शक्ति विभाग के सभी पंप ऑपरेटर के लिए सरकार एक पॉलिसी बनाए जिसके तहत पंप ऑपरेटर को चार साल की नौकरी के बाद नियमित किया जा सके। महेश शर्मा ने कहा कि सरकार सबसे ज्यादा बेइंसाफी जल शक्ति विभाग में तैनात इन पंप चालकों के साथ कर रही है। जबकि आपदा की इस घड़ी में जल शक्ति विभाग के ही यह पंप चालक ऐसे लोग हैं जिन्होंने सरकार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर इस विपदा की घड़ी में 18 से 20 घंटे काम कर प्रदेश के लोगों को राहत पहुंचाने का कार्य किया है।
