संजु चौधरी, शिमला: प्रदेश में बारिश लगातार अपना कहर बरपा रही हैं। लगातार भारी बारिश होने के चलते प्रदेश में जगह-जगह से नुकसान की खबरें सामने आ रही हैं कहीं बादल फटने से जानमाल का नुकसान हो रहा है तो कहीं भूस्खलन होने से सड़कें और मकानों को खतरा बना हुआ हैं। अभी प्रदेश में 1 अगस्त तक मौसम से राहत नहीं मिलने वाली हैं। 1 अगस्त तक लगातार प्रदेश में मौसम खराब रहने वाला हैं।
मौसम विभाग की ओर से प्रदेश में अगले 48 घंटे के दौरान चंबा, कांगड़ा, शिमला, कुल्लू, मंडी, बिलासपुर, सोलन व सिरमौर जिले में भारी बारिश होने की संभावना जताई गई हैं। इसके लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया हैं। इस दौरान कुछेक स्थानों पर बादल फटने जैसी घटनाएं भी हो सकती हैं, इसे देखते हुए जनता को सावधानी बरतने, लैंडस्लाइड संभावित क्षेत्रों व उफनते नदी-नालों के आसपास नहीं जाने की सलाह भी दी गई हैं।
वहीं राहत की बात यह हैं कि 29जुलाई से प्रदेश में मानसून की बारिश में कुछ कमी देखने को मिल सकती हैं। बीते 24 घंटे में प्रदेश के कई इलाकों बारिश हुई हैं। प्रदेश में अब तक भारी बारिश से जान और माल दोनों का रिकॉर्ड नुकसान हुआ हैं। 24 जून से अब तक फ्लैश फ्लड व लैंड स्लाइड की चपेट में आने से 168 लोगों की जान जा चुकी हैं।
प्रदेश में 5361 करोड़ रुपए की निजी व सरकारी संपत्ति चढ़ी बारिश की भेंट
प्रदेश में लगातार हो रही बारिश के चलते करोड़ों रुपए का नुकसान प्रदेश सरकार को हुआ हैं। प्रदेश में 5361 करोड़ रुपए की निजी व सरकारी संपत्ति बारिश की भेंट चढ़ चुकी हैं। प्रदेश में 669 घर पूरी तरह जमींदोज हो गए हैं, जबकि 5491 घरों को आंशिक क्षति पहुंची हैं। 236 दुकानें, 1668 गौशालाएं और 101 लेबर शेड व पुल ध्वस्त हुए हैं। इससे हजारों लोग बेघर हुए हैं।
भारी बारिश के कारण आई आपदा की वजह से 566 सड़कें पड़ी हैं बंद
भारी बारिश के चलते प्रदेश में जान माल का बहुत ज्यादा नुकसान हुआ हैं । वहीं अभी भी बहुत से सड़कें ऐसी हैं जो प्रदेश में बंद पड़ी है और यहां आवाजाही बुरी तरह से प्रभावित हुई हैं। भारी बारिश के कारण आई आपदा की वजह से 566 सड़कें प्रदेश में बंद पड़ी हैं। चिंता इस बात की है कि प्रदेश में आगे भी मौसम साफ होने की संभावना नहीं हैं। बार-बार हो रही बारिश सड़कों की बहाली के काम में बाधा उत्पन्न कर रही हैं।
