राकेश,ऊना: कांग्रेस नेता राहुल गांधी की सजा पर है रोक लग गई हैं। सुप्रीम कोर्ट की ओर से राहुल गांधी के खिलाफ़ मोदी सरनेम मानहानि मामले में सूरत कोर्ट की ओर से सुनाए गए फ़ैसले पर रोक लगा दी हैं। वहीं सुप्रीम कोर्ट की ओर से राहुल गांधी को राहत देने पर उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्रिहोत्री ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निचली अदालतों के निर्णय पर देश की सर्वोच्च न्यायालय ने रोक लगाई है, उससे साबित हो गया है कि देश में अभी कानून का राज स्थापित हैं। सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय से जहां राहुल गांधी को राहत मिली है, वहीं लोगों का देश की सबसे बड़ी अदालत के लिए प्रति सम्मान और आदर पहले से भी अधिक बढ़ गया हैं।
उन्होंने कहा कि यह बात साबित हो गई है कि सत्य परेशान तो हो सकता है, लेकिन पराजित नहीं हो सकता। तानाशाह और षडयंत्रकारी ताकतों को अब यह समझ आ जाना चाहिए कि यह देश एक लोकतांत्रिक देश हैं। इस लड़ाई में राहुल गांधी के साथ खड़ा हरेएक कार्यकर्ता आज बधाई का पात्र हैं। मौजूदा देश को देखने की सतत ने उसने देश में नफरत का बाजार खड़ा किया हुआ हैं।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को फसाने के लिए देश की एजेंसियों का दुप्रयोग किया गया हैं। सुप्रीम कोर्ट का आज का फैसला ऐतिहासिक हैं। देश में राहुल गांधी में प्यार के पैगाम की एक यात्रा शुरू की हैं, जिसके हर जगह बेहतरीन परिणाम सामने आए हैं। राहुल गांधी को चुनावी राजनीति से दूर करने के प्रयास किए गए हैं। निचली अदालतों ने राहुल गांधी के खिलाफ बिना कारण की सजा घोषित की हैं। इसके पीछे कारण और दबाव यही था कि राहुल गांधी को किसी भी तरीके से चुनावी राजनीति से दूर रखा जाए।
उन्होंने कहा कि आज के दिन लोकतंत्र और कानून की जीत हुई है। इस फैसले के बहुत ही दूरगामी नतीजे देश की राजनीति में होंगे। विपक्षी दलों का इंडिया गठबंधन आने वाले समय में नफरतवादी पार्टियों को उखाड़ फैकेंगा। अगले साल देश में जनता से जुड़ा हुआ साम्राज्य लोग इस राष्ट्र को देंगे। इस फैसले से पार्टी में एक नई ऊर्जा का संचार होगा।
