विकास शर्मा, चिंतपूर्णी: शारदीय नवरात्रों के अवसर पर आजकल हिमाचल के सभी शक्तिपीठों में भक्तों का तांता लगा हुआ है। माता रानी के दर्शन के लिए हिमाचल सहित बाहरी राज्यों से श्रद्धालु मंदिरों में पहुंच रहे है। वहीं कुछ श्रद्धालु ऐसे भी हैं जो दंडवत होकर फिर किसी अन्य तरीके से माता रानी के मंदिरों तक पहुंच रहे है। वहीं आज विश्व विख्यात शक्तिपीठ मां चिंतपूर्णी के दरबार में भी दर्शनों के लिए आए ऊना जिला के कटोहड कंला के रविंद्र शर्मा दंडवत होकर 3 किलोमीटर का सफर तय कर अपनी पत्नी के साथ मां चिंतपूर्णी के दरबार पहुंचे।
रविंद्र शर्मा के इस कठिन थापा और कठिन यात्रा को देखते हुए चिंतपूर्णी बाजार के दुकानदार भी हैरान रह गए। इसके पीछे की वजह यह थी कि इन दुकानदारों ने अक़्सर ही पंजाब और अन्य राज्यों से श्रद्धालुओं को मां चिंतपूर्णी के दर्शनों के लिए दंडवत होकर या घुटनों के बल रेंगते हुए दोनों हाथों में ज्योति लेकर माता के दरबार में कई मर्तबा आते हुए देखा है,लेकिन जिला ऊना से किसी व्यक्ति मां के दर्शनों के लिए इतनी कठिन यात्रा करते दुकानदारों ने नहीं देखा था।
रविंद्र शर्मा ने बताया कि अपने घर से उन्होंने भरवाई तक की यात्रा स्कूटी पर की और भरवाई से चिंतपूर्णी की यात्रा दंडवत होकर कर रहे हैं। इस दौरान उनकी धर्मपत्नी उनकी मदद कर रही है। वहीं रविंद्र शर्मा ने बताया कि सुबह 7:00 बजे के करीब रमाई से यात्रा शुरू की थी ओर दोपहर 1:00 बजे तक चिंतपूर्णी नया बस स्टैंड तक पहुंच चुके है और शाम तक मंदिर पहुंचने की उम्मीद है। वहीं दंडवत यात्रा किस मनोकामना की पूर्ति के लिए की जा रही है इस सवाल को टालते हुए उन्होंने कहा कि उनकी क्या मनोकामना पूर्ण हुई है यह वह नहीं बता सकते हैं।
