मंडी,धर्मवीर(TSN)-हिमाचल प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद नगर निगम मंडी में मनोनीत कांग्रेसी पार्षद चुने हुए पार्षदों व निगम अधिकारियों के खिलाफ खड़े हो गए हैं। बुधवार को नगर निगम मंडी की साधारण बैठक के दौरान 5 में से 4 मनोनीत पार्षदों ने बैठक से यह कहकर वाकआउट कर दिया कि नगर निगम विकास के कार्य नहीं करवा पा रही हैं। इनका कहना है निगम बनने के बाद शहर में समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं। साथ ही इस मौके पर मनोनीत पार्षद सदर विधायक अनिल शर्मा को भी घेरते हुए नजर आए। वॉक आउट करने वाले पार्षदों में दिनेश पटियाल, नितिन भाटिया, यशकांत कश्यप व दर्शन ठाकुर शामिल है।
टैक्स वसूलने के अलावा कुछ नहीं कर रही नगर निगम मंडी
वाकआउट करने के उपरांत मीडिया से रूबरू होते हुए मनोनीत पार्षद दर्शन ठाकुर ने आरोप लगाते कहा कि पिछले एक साल से निगम की बैठक में हर बार पुराने विषयों पर ही चर्चा हो रही है। लेकिन शहर में हाउस टैक्स वसूलने के अलावा निगम कुछ भी नहीं कर रही है। तीन साल पहले निगम एरिया में रैहन बसेरा बनाने की बात कही गई थी, लेकिन निगम आज दिन तक निगम उसके लिए जमीन तक नहीं तलाश पाया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जब तीन साल में रैहन बसेरा के लिए निगम को जमीन नहीं मिल पाई तो विधायक के कहने पर पड्डल में खेल स्टेडियम कैसे बनने जा रहा है। जहां वर्ष भर व्यापारिक गतिविधियां के अलावा अन्य कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
मनोनीत पार्षद यशकांत कश्यप का कहना ये
वहीं इस मौके पर मनोनीत पार्षद यशकांत कश्यप ने कहा कि नगर निगम में सम्मिलित किए गए नए गांवों में बुनियादी सुविधाओं की कमी है। नए जोड़े गए इन ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी कोई सुविधा नहीं है और यह क्षेत्र विकास को तरस गए हैं। मनोनीत पार्षदों ने ऐलान किया कि जब तक इन समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक वे नगर निगम की बैठकों का बहिष्कार जारी रखेंगे। साथ ही निगम के इन मुद्दों को वे शहरी विकास मंत्री व प्रदेश सरकार के समक्ष भी रखेंगे।
बता दें कि बुधवार को नगर निगम मंडी की साधारण बैठक मेयर वीरेंद्र भट्ट शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित की गई।इस बैठक में नगर निगम कमिश्नर एचएस राणा विशेष रूप से मौजदू रहे।बैठक के दौरान निगम में विकास कार्यो को लेकर हो रही चर्चा में 5 मनोनीत पार्षदों में से 4 पार्षदों ने बैठक बीच में छोड़ बहिष्कार कर दिया।
