राकेश, ऊना: प्रतिभाशाली छात्र छात्राओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग देने के लिए ऊना सुपर 50 एक कारगर पहल साबित हो रही है। इस बार बैच 202-24 में सुपर-50 में 75 बच्चों का चयन कोचिंग के लिए हुआ है। इन बच्चों को बुधवार को चयनित छात्र छात्राओं को टेबलेट भी आबंटित किए गए। बच्चों को टेबलेट का आबंटन कैबिनेट मंत्री वरिंद्र कवर ने किया। ग्रामीण विकास, पंचायती राज, कृषि, पशुपालन ओर मत्स्य पालन मंत्री वीरेंद्र कंवर ने डाइट देहलां में ऊना सुपर 50 बैच 2022 -24 के कांउसलिंग कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर उपस्थित छात्रों व अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि जरूरी साधन व अवसर पाकर ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चे भी साधन संपन्न परिवारों के बच्चों की तुलना में खुद को बेहतर साबित करते है।
उन्होंने बताया कि ऊना जिला के सभी उपमंडलों में आधुनिक सुविधा युक्त पुस्तकालय खोले गए है, जहां पर बच्चों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए पाठ्य सामग्री प्रदान की गई है। उन्होंने सुपर फिफ्टी में चयनित बच्चों को बधाई दी ओर उज्ज्वल भविष्य के लिए उन्हें शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर सुपर-50 में कामयाब हुए बच्चों ने अपने अनुभव सांझा किए ओर सरकार और जिला प्रशासन की ओर से शुरू की गई। उन्होंने इस पहल के लिए आभार व्यक्त किया। बच्चों ने बताया कि कोरोना काल की विपरीत परिस्थितियों के बावजूद भी कड़ी लगन व मेहनत का ही परिणाम है कि वह अपना लक्ष्य हासिल करने में कामयाब हुए।
बता दें कि ऊना सुपर-50 एक महत्वपूर्ण पहल,प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं को जेईई, नीट ओर क्लैट की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए में 2 वर्ष तक मुफ्त में कोचिंग दे रहा है। कोचिंग,सुपर-50 के लिए ऊना जिला को राष्ट्रीय स्तर का स्कॉच अवार्ड भी मिला है। ऊना सुपर-50 सरकार व जिला प्रशासन ऊना की एक महत्वपूर्ण पहल है।
कोचिंग छात्र पर लगभग 62 हजार रुपए खर्च किया जाता है। वर्तमान में सुपर 50 बैच 2022-24 में 75 बच्चे यह कोचिंग लेने जा रहे हैं, जिसके लिए सालाना करीब 50 लाख रुपए खर्च किए जा रहे है। सुपर-50 के लिए ऊना जिला को राष्ट्रीय स्तर का स्कॉच अवार्ड भी मिला है।
