संजु चौधरी, शिमला: प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल है आईजीएमसी और शिमला शहर के दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल ने मरीज और उनके तीमारदारों के लिए लंगर लगाने वाली नोफेल वेलफेयर एंड चैरिटेबल सोसाइटी अब शिक्षा के क्षेत्र में भी काम करेगी। नए साल में संस्था की ओर से यह नया प्रयास समाजसेवा की दिशा में एक ओर कदम आगे बढ़ाने को लेकर किया जा रहा हैं। संस्था नए वर्ष में दुर्गम इलाकों के तीन स्कूलों को गोद लेगी और बच्चों को मुफ्त में शिक्षा की सामग्री भी उपलब्ध करवाएगी। इसके अलावा बच्चों के लिए निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का भी अयोजन भी करेगी।
संस्था के अध्यक्ष गुरमीत सिंह ने शिमला में पत्रकार वार्ता कर कहा कि नोफेल वेल्फेयर संस्था समाज के गरीब वर्ग के लिए काम कर रही हैं जिसमें आम जनता का सहयोग भी लिया जा रहा हैं। अब शिक्षा के क्षेत्र में भी संस्था गरीब और जरूरतमंद बच्चों की मदद करने के लिए आगे आई हैं जिससे ये बच्चे भी अच्छी शिक्षा ग्रहण कर सकें।
31 दिसंबर के बाद डीडीयू में संस्था खाली करेगी जगह
शहर के डीडीयू अस्पताल में नोफेल संस्था की ओर से जहां लंगर लगाया जा था हैं उस जगह को 31 दिसंबर के बाद खाली करने के आदेश संस्था को जारी हुए हैं जिसको लेकर संस्था के अध्यक्ष ने कहा कि उनको अभी तक इस तरह का कोइ नोटिस नहीं मिला हैं।उन्होंने कहा कि अगर अस्पताल प्रशासन जगह खाली करने के आदेश देता है तो वह जगह खाली कर देंगे।
