राकेश , ऊना। जिला ऊना के कुटलैहड़ क्षेत्र में अवैध पेड़ कटान के मामले को लेकर वन विभाग एक्शन मोड में आ गया है। क्षेत्र से लगातार मिल रही शिकायतों के बाद विभाग ने जांच के लिए विशेष टीमें गठित की हैं, जो मौके पर जाकर धरातल पर जांच-पड़ताल कर रही हैं और पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी की जा रही है।
वन विभाग ने इस मामले में पहले ही दो कर्मचारियों को निलंबित कर दिया था। इसके बाद अब विस्तृत जांच के लिए एक टीम को जिम्मेदारी सौंपी गई है, जो पिछले कई दिनों से मामले की गहन जांच में जुटी हुई है। टीम सरकारी भूमि की पहचान, सीमांकन (डिमार्केशन) और क्षेत्र की लिस्टिंग का कार्य कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि किन-किन स्थानों पर अवैध कटान हुआ है।
डीएफओ ऊना सुशील राणा ने जानकारी देते हुए बताया कि विभाग को पेड़ों के कटान को लेकर शिकायतें प्राप्त हुई थीं। प्रारंभिक जांच में करीब 27 पेड़ों के कटने का मामला सामने आया, जिसके बाद विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित दो कर्मचारियों को निलंबित किया। उन्होंने बताया कि इसके बाद मामले की विस्तृत जांच के लिए टीम गठित की गई है, जो लगातार क्षेत्र में काम कर रही है।
उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी भूमि के साथ लगती निजी जमीनों की भी सूची तैयार की जा रही है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कहीं निजी और सरकारी भूमि के बीच अवैध कटान तो नहीं हुआ है। साथ ही रामगढ़ धार क्षेत्र में पेड़ों के कटान पर प्रतिबंध लगाया गया है और वहां भी टीम द्वारा मौके पर जाकर जांच की जा रही है।
डीएफओ ने कहा कि पूरी जांच प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कर रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है और जल्द ही विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर आगामी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने दावा किया कि विभाग अवैध कटान के मामलों में सख्त कार्रवाई कर रहा है। गौरतलब है कि इस मुद्दे को विपक्ष ने विधानसभा में भी उठाया था, जिसके बाद विभाग की सक्रियता और बढ़ गई है।
