धर्मशाला, राहुल चावला -:अब कम्युनिकेशन स्किल की कमी के कारण ओबीसी युवाओं को नौकरी से वंचित नहीं रहना पड़ेगा। चौधरी फाउंडेशन ने बिरादरी के युवाओं को विशेषज्ञों द्वारा मुफ्त कोचिंग उपलब्ध कराने की पहल की है। खास बात यह है कि अन्य समुदायों के युवा भी इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
चौधरी फाउंडेशन के नवनियुक्त अध्यक्ष विट्ठल साकड़ा ने बातचीत में बताया कि कई युवा बड़े शहरों में इंटरव्यू के दौरान सिर्फ कम्युनिकेशन स्किल की कमी के कारण पीछे रह जाते हैं।
युवाओं की इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए फाउंडेशन ने उन्हें इंटरव्यू के लिए तैयार करने और उनकी कम्युनिकेशन स्किल बेहतर बनाने के लिए एक्सपर्ट्स के जरिए फ्री कोचिंग देने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि यह कार्य पहले भी चल रहा था, लेकिन अब इसे और तेज किया जाएगा।उन्होंने आगे कहा कि फाउंडेशन का उद्देश्य बेरोजगार युवाओं को रोजगार से जोड़ना है। इसके लिए न केवल उन्हें इंटरव्यू के लिए तैयार किया जाएगा, बल्कि उनकी पर्सनैलिटी और कम्युनिकेशन पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।इसके अलावा, विट्ठल साकड़ा ने 93वें संविधान संशोधन को हिमाचल प्रदेश में लागू कराने की बात भी कही। उन्होंने बताया कि अन्य राज्यों में यह संशोधन पहले से लागू है, लेकिन हिमाचल में अभी तक इसे लागू नहीं किया गया है, जिससे ओबीसी वर्ग के छात्रों को उच्च शिक्षण संस्थानों में आरक्षण का लाभ नहीं मिल पा रहा है।उन्होंने आश्वासन दिया कि फाउंडेशन इस मुद्दे पर बुद्धिजीवियों से विचार-विमर्श कर आगे की रणनीति बनाएगा और समुदाय के बच्चों को उनका अधिकार दिलाने के लिए प्रयास करेगा।
