राकेश,ऊना: नशे के खिलाफ प्रदेश के हर घर को जोड़कर जन आंदोलन बनाया जाएगा। इसी ओ तहत 27 जून को हरोली विधानसभा क्षेत्र के हरोली से कांगड़ा तक नशे के खिलाफ ब्रिस्क वॉक का आयोजन किया जाएगा। इस ब्रिस्क वॉक की जानकारी शनिवार को उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने ऊना में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान दी। उन्होंने कहा हरोली में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम का संदेश प्रदेश और देश के दूसरों राज्यों तक पहुंचेगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह कार्यक्रम अपने आप में अनूठा है और इसके माध्यम से प्रदेशवासियों से नशे के खिलाफ मुहिम छेड़ने का आह्वान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल इस आयोजन को हरी झंडी देंगे। ब्रिस्क वॉक को राज्यपाल सुबह 8 बजे हरी झंड़ी दिखाएंगे। उन्होंने इस दौरान नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की वचनबद्धता को दोहराया।
उन्होंने कहा कि ऊना जिला पंजाब के साथ सीमा पर स्थित होने के चलते नशा तस्करी के लिए संवेदनशील हैं, इसलिए यह कार्यक्रम अहम हैं। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम की थीम वॉक फॉर लाईफ- नशे के विरुद्ध एक पहल हैं। वर्तमान सरकार नशा और नशा तस्करों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं से आह्वान किया कि चिट्टे से जुड़े तस्करों को बचाने के लिए किसी भी प्रकार का राजनैतिक दबाव न बनाया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार नशा तस्करों और दलालों के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ेगी। इसके लिए सबसे पहले लोगों को जागरूक करना आवश्यक है। इसी कड़ी में हरोली से कांगड़ा तक आयोजित होने वाली ब्रिस्क वॉक अहम साबित होगी।
उपमुख्यमंत्री ने जानकारी देते हुए कहा कि कार्यक्रम में कार्यकारी पुलिस महानिदेशक सतवंत अटवाल त्रिवेदी भी मुख्य रूप से शामिल होंगी। इसके अलावा हजारों की तादाद में विभिन्न संबंधित विभाग, विभिन्न संस्थानों के छात्र, समाज के विभिन्न तबकों के लोग इस वॉक का हिस्सा बनेंगे। इस कार्यक्रम से पहले छात्रों के मध्य नारा लेखन, चित्रकला आदि प्रतियोगिताएं भी करवाई जा रही हैं। इन प्रतियोगिताओं में विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कृत भी किया जाएगा। उन्होंने आम लोगों से इस आयोजन में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील भी की।
उपमुख्यमंत्री ने मीडिया कर्मियों से भी अपील की कि इस मुहिम को जन-जन तक पहुंचाने के लिए अपना सहयोग दें। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से पुलिस विभाग को नशे से निपटने के लिए सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। सरकार कानूनों में हर संभव संशोधन कर नशे पर लगाम लगाएगी। इसके साथ ही नशे की गिरफ्त में आने वाले लोगों को इस दलदल से बाहर निकालने के लिए हर संभव प्रयास करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार नशा मुक्ति केंद्रों पर भी नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि कुछेक ऐसे प्रकरण सामने आए हैं जिसमे नशा मुक्ति केंद्रों की संलिप्तता सामने आई हैं। ऐसे मामलों को भी सख्ती से निपटने की बात उपमुख्यमंत्री ने कही।
