नाहन : देवेन्द्र कुमार-सिरमौर जिला में स्टेट सिविल कॉरपोरेशन में बड़े घोटाले का पर्दाफाश हुआ है यहां बीपीएल परिवारों को दिए जाने वाले सरकारी राशन को डकार कर करोड़ों के घोटाले को अंजाम दिया गया है। इसका खुलासा आरटीआई एक्टिविस्ट द्वारा जुटाई गई जानकारी में हुआ है। नाहन में आज एक्टिविस्ट रितेश गोयल पत्रकारों से रूबरू हुए।
पूर्व सरकार के समय घोटाले को दिया गया अंजाम
आरटीआई एक्टिविस्ट रितेश गोयल ने कहा कि पिछले कई सालों से इस घोटाले को अंजाम दिया जा रहा है। इसमें सिविल सप्लाई कॉरपोरेशन के अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ-साथ मील मालिक व ढुलाई ठेकेदार की मिलीभगत सामने आई है। आरोपों के मुताबिक सस्ते दामों पर गरीबों को मिलने वाले राशन को सिर्फ कागजों में बटा हुआ दिखाया जाता है । जबकि हकीकत में इसे महंगे दामों में बाजारों में भेजा जाता है। आरोप है कि स्कूटी नम्बर पर यहाँ 10 -10 टन की सप्लाई दिखाई गई है । एक ही दिन में एक गाड़ी को कई स्टेशनों पर सप्लाई करते से दिखाया गया है जो कि बिल्कुल भी संभव नहीं है, क्योंकि इन सब की दूरी एक दूसरे से करीब 200 किलोमीटर से भी दूर है।
