मंडी:धर्मवीर(TSN)-थर्ड बटालियन पंडोह के कमांडेंट आईपीएस अधिकारी भगत सिंह ठाकुर के प्रयासों से एक दिव्यांग पुलिस कर्मी को साढ़े 22 लाख का क्लेम मिल गया है। आईपीएस अधिकारी भगत सिंह ठाकुर ने इसमें पुलिस कर्मी की मदद की थी.कांस्टेबल कृष्ण लाल और उनकी धर्मपत्नी सुनीता ने क्लेम दिलाने के लिए कमांडेंट भगत सिंह ठाकुर, पुलिस विभाग और सहयोगी कर्मचारियों का आभार जताया है। इन्होंने कहा कि इस राशि से अब इन्हें भविष्य में अपने उपचार को सही ढंग से करवाने में मदद मिलेगी। इसके साथ ही भविष्य में आर्थिक तौर पर पड़ने वाली जिम्मेदारियों का निर्वहन भी वे कर पाएंगे।
प्रदेश में किसी दिव्यांग पुलिस कर्मी को क्लेम दिलाने का यह पहला मामला
दरअसल कुल्लू जिला के बंजार निवासी कृष्ण लाल 16 वर्षों तक सेना में सेवाएं देने के बाद मार्च 2020 में पुलिस विभाग में बतौर कांस्टेबल भर्ती हुआ था और थर्ड बटालियन पंडोह में तैनात था। अप्रैल 2022 में कृष्ण लाल छुट्टी लेकर घर गया हुआ था और वहां गिरने के कारण रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोट आ गई। काफी उपचार करवाने के बाद भी वह ठीक नहीं हो सका और अब व्हील चेयर पर दूसरों के सहारे जीवन यापन करते हुए विभाग के लिए अपनी सेवाएं दे रहा है। कांस्टेबल कृष्ण लाल की दशा के बारे में जब कमांडेंट भगत सिंह ठाकुर को पता चला तो उन्होंने तुरंत पुलिस विभाग की प्रीमियम फ्री लाइफ इंश्योरेंस कवर योजना के तहत सितंबर 2023 को क्लेम के लिए अप्लाई किया। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के साथ खुद वार्तालाप करके इस मामले में गंभीरता दिखाई और दिव्यांग हो चुके पुलिस कर्मी को साढ़े 22 लाख का क्लेम दिलाया। बीती 27 मई को यह राशि कर्मचारी के खाते में आ गई है। कमांडेंट भगत सिंह ठाकुर ने इस योजना के लिए पुलिस विभाग और क्लेम देने के लिए एसबीआई का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों में इस योजना के लेकर यह भ्रम है कि यह राशि सिर्फ मृत्यु पर ही मिलती है लेकिन दिव्यांगता पर भी इस राशि को देने का प्रावधान है। उन्होंने पुलिस विभाग के कर्मचारियों से ऐसी सभी योजनाओं की जानकारी स्वयं रखने और अपने परिजनों के साथ सांझा करने का अनुरोध किया है।
क्या है पुलिस विभाग की प्रीमियम फ्री लाइफ इंश्योरेंस कवर योजना
पुलिस विभाग की प्रीमियम फ्री लाइफ इंश्योरेंस कवर योजना के तहत चार प्रमुख बैंकों एसबीआई,पीएनबी,एक्सिस और एचडीएफसी बैंक के साथ पुलिस विभाग ने एमओयू साइन किए हैं। इन बैंकों में जिन पुलिस कर्मियों के सैलरी अकाउंट हैं उन्हें प्रीमियम फ्री लाइफ इंश्योरेंस कवर योजना का लाभ मिलता है। इसमें मृत्यु के उपरांत तो परिवार को राशि मिलती ही है लेकिन दिव्यांगता की स्थिति में भी क्लेम देने, बच्चों की पढ़ाई और बेटियों की शादी के लिए आर्थिक मदद का प्रावधान भी है।आईपीएस अधिकारी भगत सिंह ठाकुर जब एसपी पुलिस वेल्फेयर थे तो उन्होंने अपने समय में ही प्रदेश भर में बैंकों के साथ एमओयू करके इस योजना को लागू करवाया था।बता दें कि पुलिस विभाग में इस योजना के तहत दिव्यांगता की स्थिति में क्लेम दिलाने का यह पहला मामला है।
