बीबीएन(जगत सिंह): एक तरफ जहां पूरे प्रदेश में ठंड का माहौल है। वहीं नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र की नगर परिषद में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो चुकी है। अब नगर परिषद नालागढ़ की अध्यक्ष रीना शर्मा को बीते दिनों हुए विधानसभा चुनावों में बतौर आजाद प्रत्याशी का समर्थन देने का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। रीना शर्मा पहले भाजपा के समर्थन में थी लेकिन जैसे ही विधानसभा चुनावों की घोषणा हुई तो भाजपा से बागी होकर चुनाव लड़ रहे केएल ठाकुर का उनकी ओर से समर्थन किया गया। जिसके कारण अब भाजपा के समर्थित पार्षदों ने बीते दिनों उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव जारी किया था।
इसको लेकर नगर परिषद नालागढ़ की अध्यक्ष रीना शर्मा को 30 दिसंबर यानि आज अपना बहुमत साबित करना था ,लेकिन वह एसडीएम कार्यालय में ना उपस्थित हुई और ना ही अपना बहुमत साबित कर पाई । इसके चलते भाजपा के 5 पार्षद मौके पर मौजूद रहे । उन्होंने अविश्वास प्रस्ताव को पास करने की एसडीएम से अपील की थी जिसके चलते एसडीएम नालागढ़ महेंद्र पाल गुर्जर ने नगर परिषद नालागढ़ की अध्यक्ष के लिए अविश्वास प्रस्ताव पास कर दिया है और आगामी कार्रवाई के लिए डीसी सोलन को नगर परिषद नालागढ़ के अध्यक्ष पद का रिक्त पद होने के लिए आवेदन जारी कर दिया गया है।
भाजपा के साथ गद्दारी बरदाश्त नहीं
बीजेपी नेता लखविंदर सिंह राणा भी मौजूद रहे । उन्हेंने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि नगर परिषद नालागढ़ की अध्यक्ष भाजपा नेता थी लेकिन विधानसभा चुनावों में आजाद प्रत्याशी का समर्थन करने के बाद उनके खिलाफ भाजपा के समर्थित पार्षदों ने अविश्वास प्रस्ताव पारित किया और अब एसडीएम नालागढ़ ने उस अविश्वास प्रस्ताव को पास कर दिया है और आगामी दिनों में भाजपा का अध्यक्ष बनना लगभग तय है। उन्होंने कहा कि जो भी भाजपा के साथ गद्दारी करेगा उसे किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
पार्षद संजीव भारद्वाज ने लगाए ये आरोप
नगर परिषद नालागढ़ के पार्षद संजीव भारद्वाज ने कहा कि नगर परिषद की अध्यक्ष की अध्यक्षता में कई घोटाले सामने आए हैं। एक गाड़ी के नाम पर जाली बिल पेश करके पैसे दिए जा रहे थे, जिसको लेकर उन्होंने कहा कि आगामी भाजपा का अध्यक्ष चुनने के बाद इस बारे में जांच करवाई जाएगी अगर इंक्वायरी साफ ना हुई तो इसमें विजिलेंस से भी जांच करवाई जाएगी और पूर्व अध्यक्ष के खिलाफ करवाई जाएगी और अगर घोटाले साबित होते हैं तो नियमों के अनुसार बनती पूर्व अध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई करवाने की उनकी ओर से बात कही गई है। उन्होंने कहा कि सभी पार्षदों को बिना बताए हाउस टैक्स दी बीते दिनों घोषित किया गया था जिसको लेकर भी जांच करवाई जाएगी।
एसडीएम का कहना ये
इस बारे में मीडिया से बातचीत करते हुए एसडीएम नालागढ़ महेंद्र पाल गुर्जर ने कहा कि अविश्वास प्रस्ताव को लेकर एक पत्र मिला था जिसको लेकर आज बैठक रखी गई थी । बैठक में नगर परिषद नालागढ़ की अध्यक्ष अपना बहुमत साबित करना व न ही वह बैठक में उपस्थित रही । जिसके चलते अविश्वास प्रस्ताव पास कर दिया गया है और अब आगामी कार्रवाई के लिए डीसी सोलन को नगर परिषद नालागढ़ अध्यक्ष पद का रिक्त पद का पत्र भेज दिया गया है।
