मंडी, हिमाचल प्रदेश | मंडी जिले के सुक्काकून गांव के 26 वर्षीय जीवन लाल ने बिना किसी कोचिंग के हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचएएस) परीक्षा उत्तीर्ण कर तहसीलदार का पद हासिल किया। जीवन लाल की यह सफलता उनके अथक प्रयास, अनुशासन और पिता के मार्गदर्शन का परिणाम है।
जीवन लाल पहले वर्ष 2022 में पुलिस कांस्टेबल बने और शिमला के राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो में तैनात हुए। तीन-तीन घंटे की ड्यूटी के बाद भी उन्होंने रोजाना लगभग छह घंटे पढ़ाई को समर्पित किया। इसके बाद उन्होंने कोऑपरेटिव सोसाइटी में ऑडिट ऑफिसर के रूप में कार्यभार संभाला।
एचएएस परीक्षा में जीवन लाल ने 23वां रैंक हासिल किया और पहले ही प्रयास में सफलता पाई। उनके मार्गदर्शन में डीएसपी अमित कुमार ने रणनीति तैयार करने और परीक्षा की तैयारी में मदद की।
जीवन लाल की शिक्षा सरकारी स्कूलों से हुई—प्राथमिक शिक्षा बीर तुंगल, माध्यमिक शिक्षा साइगलू, स्नातक वल्लभ कॉलेज मंडी और स्नातकोत्तर धर्मशाला कॉलेज से पूरी की। उनके पिता वीरी सिंह मिस्त्री और माता विमला देवी ने बच्चों के भविष्य के लिए कठोर मेहनत की।
गांव और पंचायत के लोग जीवन लाल की उपलब्धि से उत्साहित हैं। पिता ने कहा, “हमने अपना फर्ज निभाया, बेटे ने मेहनत और अनुशासन से यह मुकाम हासिल किया।” जीवन लाल की यह कहानी हिमाचल प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है, जो दिखाती है कि मेहनत और समर्पण से बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं।
