शिमला, 4 फरवरी-:शिमला शहर के चलौंठी क्षेत्र में फोरलेन निर्माण कार्य से प्रभावित सड़क एवं आवासीय भवनों को लेकर उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में एक विशेष समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में उपमंडल दण्डाधिकारी शिमला (ग्रामीण) एवं राज्य भूवैज्ञानिक, हिमाचल प्रदेश द्वारा तैयार की गई क्षति मूल्यांकन रिपोर्ट उपायुक्त को प्रस्तुत की गई। रिपोर्ट के अनुसार प्रभावित परिवारों को एहतियातन सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया है। इसमें एक मकान को पूरी तरह ‘न रहने योग्य’, एक को अस्थायी रूप से असुरक्षित तथा अन्य मकानों को निगरानी में रखा गया है।बैठक के दौरान चलौंठी क्षेत्र में सड़क के बार-बार धंसने की समस्या पर भी चर्चा हुई, जिससे स्थानीय लोगों में असंतोष एवं यातायात बाधित होने की स्थिति बन रही है।
उपायुक्त ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के प्रतिनिधि को मुआवजा प्रक्रिया की प्रगति से अवगत कराने के निर्देश दिए। एनएचएआई प्रतिनिधि ने बताया कि आवश्यक दस्तावेज जिला प्रशासन से प्राप्त कर रियायतग्राही (कंसेसियनार) के माध्यम से बीमा कंपनी को भेज दिए गए हैं। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि आगामी 15 दिनों के भीतर मुआवजा संबंधी समस्त कार्रवाई पूर्ण कर इसकी सूचना उपमंडल दण्डाधिकारी शिमला (ग्रामीण) को दी जाए।फोरलेन निर्माण से प्रभावित घरों में मरम्मत कार्य की स्थिति पर जानकारी देते हुए भारत कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड के प्रतिनिधि ने बताया कि भवनों में आई दरारों को भरने का कार्य प्रगति पर था, जिसे स्थानीय निवासियों के अनुरोध पर बर्फबारी के कारण अस्थायी रूप से रोका गया है। मौसम अनुकूल होते ही कार्य पुनः आरंभ किया जाएगा।
उपायुक्त अनुपम कश्यप ने निर्देश दिए कि एक माह के भीतर सभी दरारों की मरम्मत सुनिश्चित की जाए तथा स्पेक्ट्रोमीटर से प्राप्त चेतावनी संकेतों की भी जांच कर रिपोर्ट तुरंत एसडीएम शिमला (ग्रामीण) को सौंपी जाए।वर्तमान में किसान भवन ढली में कोई परिवार नहीं रह रहा है। रियायतग्राही द्वारा 06 प्रभावित परिवारों को किराये के आवास उपलब्ध कराए गए हैं। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि आगामी 10 दिनों के भीतर रेंट एग्रीमेंट सहित सभी संबंधित दस्तावेज उपमंडल दण्डाधिकारी शिमला (ग्रामीण) को उपलब्ध कराए जाएं। साथ ही सभी प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से एसडीएम ग्रामीण को भेजी जाए।बैठक में अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (कानून एवं व्यवस्था) पंकज शर्मा, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (प्रोटोकॉल) ज्योति राणा, एसडीएम शिमला (ग्रामीण) मंजीत शर्मा सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
