अरविंदर सिंह,हमीरपुर: एमबीबीएस के छात्रों के लिए नेशनल मेडिकल कमीशन की ओर से नेशनल एग्जिट टेस्ट की अनिवार्यता को लेकर प्रदेश में भी एमबीबीएस के प्रशिक्षु छात्र इसका विरोध जता रहे हैं। देश सहित प्रदेश में छात्रों के विरोध को देखते हुए कमीशन ने एमबीबीएस के 2019 बैच के प्रशिक्षण को नेशनल एग्जिट टेस्ट है ना देने का निर्णय लिया हैं। इस निर्णय के बाद जहां एक ओर डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के 2019 बैच के प्रशिक्षुओं ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के निर्णय का स्वागत किया हैं तो वहीं रजिस्ट्रेशन के लिए इस टेस्ट की अनिवार्यता को बरकरार रखने के निर्णय का विरोध भी जताया हैं।
काफी समय से प्रोटेस्ट पर चल रहे इन छात्रों की मांग एक तरफ तो पूरी की गई लेकिन दूसरी तरफ इन्हें झटका भी मिला हैं। छात्रों का कहना है कि नेशनल मेडिकल कमिशन की तरफ से नेशनल एग्जिट टेस्ट का प्रावधान किया गया है जो कि 2019 बैच पर लागू नहीं होना चाहिए। इसी के चलते कुछ दिनों से छात्र लगातार मेडिकल कॉलेज कैंपस में विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। पूरे देश में ही इस निर्णय को लेकर प्रशिक्षु एमबीबीएस छात्रों का विरोध जारी था जिसे देखते हुए बीते गुरुवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने नेशनल एग्जिट टेस्ट 2019 के छात्रों से ना लिए जाने की बात कही, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि पंजीकरण के लिए इन्हें यह टेस्ट देना होगा।
पंजीकरण के लिए टेस्ट का प्रावधान किए जाने का भी अब छात्र विरोध कर रहे हैं। वर्ष 2019 के बैच के छात्रों का कहना है कि जिस तरह पिछले वर्ष के छात्रों का पंजीकरण हुआ उसी तरह इनका भी पंजीकरण होना चाहिए। छात्रों ने कहा कि उनका प्रोटेस्ट आज खत्म होता है लेकिन उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया है। इसके लिए वह कानून का सहारा लेंगे
