केलांग (सचिन शर्मा): प्रदेश में विधानसभा चुनाव करीब है। चुनावों को लेकर जिला स्तर पर भी तैयारियां शुरू हो गई है। नए मतदाताओं के वोटर कार्ड बनवाने के साथ ही मतदान प्रतिशतता बढ़ाने और नए मतदाताओं को जागरूक करने को लेकर कई कार्यक्रम भी चलाए जा रहे है। इसी कड़ी में शनिवार को लाहौल-स्पिति जिला में निष्पक्ष, स्वतंत्र एवं शान्तिपूर्ण चुनावों के लिए की गई तैयारियों की समीक्षा को लेक भारत चुनाव आयोग के उप चुनाव आयुक्त नितेश व्यास की अध्यक्षता में उपायुक्त कार्यालय के सभागार में निर्वाचन से जुड़े अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई।
बैठक में उपचुनाव आयुक्त ने निर्वाचन से जुड़े अधिकारियों को अनेक महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पहली अक्तूबर, 2022 को 18 वर्ष की आयु पूरी कर रहे सभी युवाओं के फोटो पहचान पत्र बनाना सुनिश्चित करें। इस दौरान सभी घरों तक पोलिंग एजेन्ट पहुंचकर फार्म संख्या-6 पात्र मतदाताओं को उपलब्ध करवाएं। उन्होंने कहा कि रिटर्निंग व सहायक रिटर्निंग अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का दौरा कर सभी आवश्यक सुविधाओं पर ध्यान केंद्रित करें। उन्होंने चुनाव में तैनात अधिकारियों को टोल फ्री नंबर 1950 के माध्यम से प्राप्त शिकायतों पर व्यवस्थित रूप से नजर रखने और तुरंत प्रतिक्रिया देने और मतदान केंद्रों पर न्यूनतम सुविधाएं जैसे रैंप, पानी, शौचालयों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा। उन्होंने उन क्षेत्रों में विभिन्न जागरूकता गतिविधियों को लागू करने के निर्देश दिए जहां मतदाता पंजीकरण कम है।
इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग ओर भारतीय चुनाव आयोग के प्रधान सचिव राहुल शर्मा ने निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़ी शंकाओं का निराकरण किया। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्वाचन से जुड़े दिशा-निर्देशों और आवश्यक प्रक्रियागत नियमावली को अच्छी तरह समझने के लिए कहा। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया के सफल निष्पादन के लिए सभी से एकजुट होकर समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त सुमित खिमटा ने भारत चुनाव आयोग के उप चुनाव आयुक्त द्वारा दिए गए निर्देशों को पूरी तरह लागू करने का भरोसा दिलवाया।
