राकेश मल्ली: हिमाचल में भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेताओं की बात की जाए तो ऊना विधानसभा क्षेत्र से सतपाल सत्ती का नाम भी इन नेताओं की सूची में शामिल होता है। सतपाल सत्ती ने ना केवल भाजपा को तीन मर्तबा लगातार ऊना निर्वाचन क्षेत्र से जीत दिलवाई बल्कि उनके नाम भारतीय जनता पार्टी के हिमाचल प्रदेश राज्य इकाई के सबसे लंबे समय तक अध्यक्ष रहने का रिकॉर्ड भी दर्ज है।
सतपाल सत्ती के राजनीतिक सफर की बात की जाए तो इन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुवात छात्र राजनीति से की। उनकी पारिवारिक पृष्ठभूमि राजनीति से नहीं जुड़ी थी और वह एक किसान परिवार से संबंध रखते थे। बावजूद इसके जो शिक्षा ग्रहण कर रहे थे तब उनका रुझान छात्र राजनीति की तरफ बढ़ा और वहीं से उन्होंने राजनीति की तरफ रुख किया। अपनी उच्च शिक्षा ग्रहण करते हुए इन्होंने वर्ष 1990 – 1993 तक अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रदेश सचिव के रूप में काम किया। इसके बाद 1994-1997 तक वे राष्ट्रीय सचिव अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के पद रहे ।
इसके बाद सतपाल सत्ती ने पूर्व कालिक अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद 8 वर्ष तक रहे। उन्होंने लबें समय तक छात्र नेता के रूप में काम किया। यहीं से इसके बाद इन्होंने राजनीति में कदम रखा इन्हें भाजयुमो का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया। इसके बार सतपाल सत्ती ने भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य के रूप में भी काम किया। इसके बाद इन्हें वर्ष 2003 में ऊना विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने का मौका मिला जिसमें जीत हासिल कर यह विधायक बने ओर इनकी राजनीतिक पारी की शुरुवात हुई।
इसके बाद सतपाल सत्ती 2007 में पुन: ऊना विधानसभा क्षेत्र से विधायक बने ओर सरकार में मुख्य संसदीय सचिव बनायें गए। वर्ष 2017 में विधानसभा का चुनाव हारने के बाद पार्टी की ओर से इन्हें जय राम सरकार में हिमाचल छठे वित्त आयोग का अध्यक्ष बनाया गया। वर्त्तमान में सतपाल सत्ती कैबिनेट रैंक के साथ हिमाचल प्रदेश के वित्त आयोग के प्रमुख के रूप में कार्य कर रहे हैं। वह इस बार विधानसभा चुनावों में भी सतपाल सत्ती ऊना विधानसभा क्षेत्र से भाजपा का एक मजबूत विकल्प बन कर सामने आ सकते हैं।
भाजपा को ऊना निर्वाचन क्षेत्र से लगातार 3 बार सतपाल सत्ती ने दिलवाई जीत
सतपाल सत्ती को यूं ही भाजपा के दिग्गज नेताओं की सूची में शामिल नहीं किया गया है बल्कि ये वही नेता हैं जिन्होंने भाजपा को ऊना निवार्चन क्षेत्र से लगातार तीन बार जीत दिलवाई है। उन्होंने भाजपा को वर्ष 2003, 2007 और 2012 में ऊना निर्वाचन क्षेत्र से सीट जितवाई है। वह 2017 का विधानसभा चुनाव इस सीट से कांग्रेस के सतपाल रायजादा से हार गए थे।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पद पर सबसे लबें समय तक रहने वाले सत्ती है पहले नेता
सतपाल सत्ती ही वह पहले नेता है जिन्होंने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के पद पर सबसे लंबे समय तक राज किया।सतपाल सत्ती वर्ष 2010–से 2020 तक बीजेपी हिमाचल के प्रदेश अध्यक्ष बने रहे। इनसे पहले पार्टी में जो भी अध्यक्ष रहे उनका कार्यकाल 3 साल तक का रहा है। ऐसे में सती सबसे लंबे समय तक भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बने रहें थे। सतपाल सत्ती के तीन बार अध्यक्ष बनने के पीछे संगठन और पार्टी में बेहतर तालमेल होना था। इनके अध्यक्ष पद के कार्यकाल में डेढ़ साल बाद भाजपा ने एकजुटता दिखाकर सांसद की चारों सीटों पर कब्जा किया था । जो सत्ती के पक्ष में जाता है।इसके साथ ही प्रदेश भर में चलाए गए सदस्यता अभियान, अभ्यास वर्ग और मंडल स्तर पर सत्ती की अध्यक्षता में पार्टी को मजबूत करना भी उन्हें सरदारी सौंपे जाने की बात कही गई। डोडरा क्वार को छोड़कर सत्ती ने हिमाचल के हर कोने में भ्रमण कर पार्टी को मजबूत करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।
विकास के बड़े काम
सतपाल सत्ती ने अपने निर्वाचन क्षेत्र के लिए विकास के बड़े काम किए हैं जिसके तहत ऊना में पीजीआई सैटलाइट सेंटर का लाना। चाइल्ड केयर स्पेशल हॉस्पिटल को बनाना। ऊना मुख्यालय पर मिनी सेक्ट्रिएट का बनाना और ऊनाशहर को बाढ़ मुक्त करना उनका मुख्य सपना रहा है जिसको उन्होंने जयराम सरकार के कार्यकाल में पूरा करके दिखाया है। इसके साथ ही सतपाल सत्ती में ऊना में विकास के क़ई अहम कार्यों को पुरा किया है और कुछ का काम अभी जारी है।
