शिमला : चंद्रिका – ‘मन की बात’ कार्यक्रम के 100वें संस्करण का राजभवन में विशेष स्क्रीनिंग का आयोजन किया गया। इस अवसर पर राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल मुख्य अतिथि के तौर पर उपस्थित थे। वहीं पद्मश्री पुरस्कार विजेता विद्या नंद सरैक, नेक राम शर्मा, राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न पुरस्कार विजेता और ‘मन की बात’ कार्यक्रम में प्रदेश के जिन व्यक्तियों का प्रधानमंत्री ने जिक्र किया वे भी उपस्थित थे।
‘मन की बात’ कार्यक्रम के 100वें संस्करण के बाद राज्यपाल ने कहा कि ‘मन की बात’ में ऐसे विषय होते हैं जो सीधे जन सरोकारों से जुड़े हैं।
‘मन की बात’ कार्यक्रम में राज्य से संबंधित जिन व्यक्तियों का प्रधनमंत्री ने जिक्र किया था, राज्यपाल ने उनकी प्रतिभा का इस मौके पर जिक्र किया । इनमें सोलन स्थित मानव भारती संस्था और उससे जुड़े उर्मिला बाल्दी, संजना और विपुल गोयल, चंबा के भटियात विधानसभा क्षेत्र से ताल्लुक रखने वाले शिक्षक आशीष बहल, ऊना जिला के भटोली गांव से संबंध रखने वाले प्राथमिक शिक्षक राम कुमार जोशी, हमीरपुर के जगदीश चंद इत्यादि प्रेरणादायक व्यक्तियों का जिक्र किया। राज्यपाल ने इस अवसर पर, नशामुक्ति, प्रधानमंत्री टी.बी. मुक्त भारत अभियान, प्राकृतिक कृषि और मोटे अनाज की पैदावार पर लोगों से अपना योगदान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि ये विषय जन सरोकार से जुड़े हैं जिनमें हर व्यक्ति को सहयोग करने की आवश्यकता है।
नशामुक्ति, टी.बी. उन्मूलन, प्राकृतिक कृषि व मिलट पर हुई विशेष चर्चा
इस मौके पर, ‘विचार विमर्श सत्र’ का भी आयोजन किया गया, जिसमें डी.के. चौधरी, उप-पुलिस महानिरीक्षक और इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज से नशा निवारण विशेषज्ञ डॉ. निधि ने नशे पर अपनी प्रस्तुति दी। डॉ. गोपाल बेरी, निदेश, स्वास्थ्य सेवाएं ने क्षय रोग उन्मूलन पर, कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक रघुबीर सिंह ने मिलट पर और महेंद्र भवानी, उप-निदेशक, कृषि ने प्राकृतिक कृषि पर अपनी प्रस्तुति दी। इस मौके पर, पद्मश्री नेक राम शर्मा ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
