मनमिन्दर अरोड़ा/कुल्लू – ऐतिहासिक लाल चंद प्रार्थी कला केंद्र में अंतरराष्ट्रीय दशहरा उत्सव की सांस्कृतिक संध्याएं सात दिनों तक चलेंगी। बुधवार को पहली सांस्कृतिक संध्या हुई। दशहरा उत्सव का आगाज राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर ने दीप प्रज्वलन के साथ किया। वहीं, अतंरराष्ट्रीय दशहरा कमेटी के अध्यक्ष ने मुख्यातिथि राज्यपाल का कुल्लवी परंपरा के अनुसार स्वागत किया। पहली सांस्कृतिक संध्या सुफी नाइट रूहानी सिस्टर्ज के नाम रही। रूहानी सिस्टर्ज ने आजा वे तेनु अखियां सूफी गजल के साथ सुरीला समा बांधा। वहीं, कुमार साहिल ने भी अपने गीतों से दर्शकों को झुमने में कोई कसर नहीं छोड़ी।

इसके अलावा स्लैटन डांस भी आकर्षण का केंद्र रहा।वहीं, भूटान के सांस्कृतिक दल ने हिमाचल वासियों को अपनी संस्कृति से रु-ब-रू करवाया। इससे पहले मंगल, दीवानी, सूरजमणि एंड पार्टी ने अपना कार्यक्रम प्रस्तुत किया। वहीं, कुल्लू के कलाकारों ने ईश्वर , बीएस राणा, टैला सोनी ने भी कार्यक्रम प्रस्तुत किए। रिशिता कौंडल ने डांस पेश किया।वहीं, सागर, दिनेश, प्रताप, सुशांत, सुखदास, भूपेंद्र सिंह, उषा, तुले राम, सुनिल, लता(मंडी), विनोद कुमार(शिमला), रमेश ने भी अपनी प्रस्तुति दी। वृति अरोड़ा ने डांस पेश किया। गौरव नेगी, राकेश, वेदराम, लेख राज, प्रेम चंद, भूषण देव, मुनीश, निर्मला, बालकृष्ण, संजय ने भी अपनी प्रस्तुति देकर दशकों का खूहर मनोरंजन किया।
भूटान के कलाकारों ने भी लूटी वाहवाही
भूटान के सांस्कृतिक दल ने भी अपनी प्रस्तुतियों से लोगों का खूब मनोरंजन किया। उन्होंने अपनी प्रस्तुति से शिव-पार्वती महिमा को दर्शाया और श्री गणेश के जरिए उन्होंने विष्णु भगवान के विभिन्न अवतारों का वर्णन किया। स्कैल्टन डांस ने भी लोगों का मन मोहा। गोगी बैंड के कलाकारों ने भी अपनी प्रस्तुतियों से लोगों को बांधे रखा। इस मौके पर विधायक सुरेंद्र शौरी, डीसी आशुतोष गर्ग और अन्य अधिकारी व गण्यमान्य लोग मौजूद रहे। देर रात तक दर्शक लाल चंद प्रार्थी कलाकेंद्र में जमे रहे।
