घुमारवीं: घुमारवीं के टिकरी गांव में 1 करोड़ 90 लाख रुपए की लागत से जलशक्ति विभाग के ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति प्रशिक्षण केंद्र के भवन का निर्माण किया जा रहा है जिसकी आधारशिला बुधवार को खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री राजेन्द्र गर्ग ने रखी। 3 मंजिला इस प्रशिक्षण केंद्र व विश्राम गृह भवन के धरातल तल पर प्रशिक्षण हाल तथा ऊपर की दो मंजिलों में ठहरने की व्यवस्था के लिए विश्राम गृह के 6 सेट का निर्माण किया जा रहा है।
मंत्री राजेंद्र गर्ग ने कहा किइस भवन का निर्माण 1 करोड़ 90 लाख रुपए की अनुमानित राशि से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत इस तरह के भवन के निर्माण का प्रावधान किया है ओर इस भवन का निर्माण कार्य एक वर्ष के अंदर पूर्ण कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र में 106 करोड़ रुपए की विभिन्न परियोजनाएं स्वीकृत की गई है, जिनमें से अधिकांश योजनाएं शीघ्र ही पूर्ण होने वाली है।
उन्होंने कहा कि हर घर नल से जल उपलब्ध करवाने के चुनौतीपूर्ण कार्यों के 95 प्रतिशत लक्ष्य को हासिल किया जा चुका है तथा क्षेत्र में 12000 से अधिक नल लगाए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की समस्त प्रयोगशालाओं में आम जनता को न्यूनतम दरों पर पेयजल की जांच करवाने की सुविधा प्रदान की जा रही है। गर्ग ने कहा कि वह घुमारवीं विधान सभा क्षेत्र के विकास के लिए लगातार प्रयासरत है ओर डबल इंजन की सरकार के कारण करोड़ों रुपए की योजनाएं लाने में सफल हुए है। बिलासपुर में एम्स का निर्माण
ओर बंदलाधार में हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज का निर्माण किया गया है जिसका उद्घाटन माननीय प्रधानमंत्री द्वारा शीघ्र ही किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने साढे 4 वर्षों में कोरोना वायरस के बावजूद डट कर काम किया है ।
उन्होंने कहा कि फॉरेस्ट से अनुमति मिलते ही घुमारवीं में औद्योगिक क्षेत्र का शिलान्यास कर दिया जाएगा। घुमारवीं में 26 करोड़ रुपए की लागत से मिनी सचिवालय का भूमि पूजन किया गया है जहां एक ही छत के नीचे लोगों को सभी सुविधाएं मिलेगी तथा इसके निर्माण के लिए विभाग को 9 करोड रुपए से अधिक का बजट उपलब्ध करवा दिया गया है। घुमारवीं के कलरी कॉलेज में 1 वर्ष में ही 5 विषयों की स्नातकोत्तर कक्षाएं आरंभ की गई है। उन्होंने कहा कि पडयालग से लदरौर, घुमानी चौक से टक्करेडा, निहारी से कलर, डंगार से लदरौर, लदरौर से जाहू वाया हटवाड़ आदि क्षेत्र की विभिन्न सड़को का स्तरोनयन किया जा रहा है। डंगार में निजी क्षेत्र में चलाए जा रहे हैं संस्कृत कॉलेज को सरकार के अधीन कर 16 पदों को सृजित किया गया है। घंडालवीं में कॉलेज की मांग को पूरा किया गया है तथा कॉलेज के भवन के निर्माण के लिए 5 करोड रूपये की राशि स्वीकृत कर दी गयी है। उन्होंने कहा कि वह काम में विश्वास रखते हैं और विकास की रफ्तार को बनाये रखते हुए आगे भी इसी तरह से घुमारवीं की जनता की सेवा के लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।
