अनिल कुमार,किन्नौर: ज़िला किन्नौर की महिलाओं का एक प्रतिनिधि मंडल किन्नौर ज़िला के विभिन्न समस्याओं जिसमें प्रमुख रूप से जलविद्युत् परियोजनाओं के निर्माण कार्य रोकने व प्रस्तावित जलविद्युत परियोजनाओं के प्रस्ताव निरस्त, नोतोड़, एफआरए के तहत मिलने वाली भूमि की मांग को लेकर दिल्ली राष्ट्रपति भवन तक पहुंच गई हैं। यहां उन्होंने राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मू से भेंट कर ज्ञापन उन्हें सौंपा व इन विषयों में राष्ट्रपति से कार्रवाई की मांग भी उनके समक्ष रखी।
प्रतिनिधि मंडल ने राष्ट्रपति से ज़िला में प्रस्तावित जलविद्युत परियोजनाओं को निरस्त करने व परियोजनाओं से हो रहे नुकसान से भी उन्हें अवगत करवाया। इसके साथ ही किन्नौर ज़िला में लोगों को मिलने वाली नोतोड़ व एफ आर ए के तहत भूमि की प्रक्रिया को शुरू करने के लिए आदेश जारी करने की मांग उन्होंने रखी हैं। महिलाओं ने इसके अलावा ज़िला किन्नौर के अंदर हो रहे विकास कार्यों के लिए अतरिक्त बजट के प्रावधान करने के लिए आग्रह भी किया हैं ताकि ज़िला में समस्याओं के निवारण के साथ विकास कार्यों को गति देने के लिए बजट की दिक्क़ते न हो।
बता दें कि किन्नौर ज़िला में लंबे समय से लोगों को नोतोड़ व एफ आर ए के तहत मिलने वाली भूमि की प्रक्रिया सरकार की ओर से स्थगित की गई है जिसके चलते लोगों के ज़िला के एसडीएम व एडीएम कार्यालयों में करीब नोतोड़ के 15 हज़ार मामले व एफ आर ए के भी हजारों मामलों की फाईल धूल फांक रही हैं। ऐसे में इन महिलाओं ने राष्ट्र पति से जलविद्युत् परियोजनाओं के निर्माण कार्य व प्रस्ताव को रोकने के साथ नोतोड़ एफ आर ए की प्रक्रिया पर कार्रवाई की मांग रखी हैं।
