शिमला (भावना शर्मा): हिमाचल में ओल्ड पेंशन को बहाल करवाने के लिए कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पेंशन को बहाल करवाने के लिए अब एक निर्णायक लड़ाई लड़ी जा रही है। इसी के तहत एनपीएस संघ प्रदेश भर में क्रमिक अनशन कर रहा है। शिमला में भी इस क्रमिक अनशन का आज 29वां दिन है। शिमला में क्रमिक अनशन पर बैठे कर्मचारियों से आज कांग्रेस विधायक विक्रमादित्य सिंह ने भी मुलाकात की। इस दौरान विधायक विक्रमादित्य सिंह भी कर्मचारियों के साथ धरने पर बैठे गए।
इस दौरान उन्होंने कर्मचारियों को कांग्रेस के सत्ता में आते ही ओल्ड पेंशन बहाल करने का आश्वासन दिया। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि एनपीएस संघ ओल्ड पेंशन बहाल करवाने के लिए संघर्ष कर रहा है। कई बार मुख्यमंत्री के पास ओल्ड पेंशन बहाली को लेकर गुहार लगा चुके है लेकिन सरकार ना सुन रही है और सुन कर भी अनसुना कर रही है। इसको लेकर मुख्यमंत्री ना तो विधानसभा के अंदर बात करते है ना ही बाहर करते है।
विक्रमादित्य ने कहा कि कांग्रेस ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर यह फैसला लिया है कि कांग्रेस की सरकार बनते ही ओल्ड पेंशन बहाली करेगी। उन्होंने कहा कि गलत भ्रम प्रदेश के अंदर फैलाया जा रहा है कि इससे आर्थिक बोझ बढ़ेगा, लेकिन सरकार जो ओर चीजों पर फिजूलखर्ची कर रही है वो वहां न करके जो कर्मचारी प्रदेश के लिए सेवाएं दे रहे हैं उनके भविष्य को सुरक्षित करने के लिए करे। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि अगर कर्मचारियों के हित के लिए बजट खर्च करना भी पड़े तो उसमें कोई बुराई नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे ज्यादा आर्थिक बोझ नहीं पड़ने वाला है। कांग्रेस ने इसको लेकर लेकर आर्थिक विशेषज्ञ से चर्चा की है और सत्ता में आते ही सबसे पहला काम कॉन्ग्रेस ओल्ड पेंशन बहाल करने का करेगी।
