राहुल चावला, धर्मशाला: हिमाचल में विधानसभा चुनावों के दौरान बाबा राम रहीम के ऑनलाइन सत्संग के दरबार में हिमाचल की भाजपा सरकार के परिवहन मंत्री के आशीर्वाद लेने के लिए जाने के मुद्दे को कांग्रेस उठा रही है। कांग्रेस ने बिक्रम ठाकुर पर निशाना साधा है और भाजपा पर चुनावी फायदे के लिए बाबा राम रहीम को पैरोल पर बाहर निकालने के आरोप लगाए है।
कांग्रेस के प्रदेश वरिष्ठ प्रवक्ता सुशांत कपरेट ने कहा कि पंजाब में चुनाव हुए उस समय भी केंद्र की भाजपा सरकार ने बाबा राम रहीम को पैरोल पर बाहर निकाला और अब हिमाचल में आम चुनाव है ओर हरियाणा में उप चुनाव है तो फिर से बाबा राम रहीम को पैरोल पर बाहर निकाल दिया है और उनके सत्संग दरबार मे हिमाचल के मंत्री बिक्रम ठाकुर आशीर्वाद लेने पहुंच गए ओर वहां जा कर खुद का परिचय देते नज़र आए।
उन्होंने कहा कि बाबा राम रहीम पर यौन शोषण सहित कई संगीन आरोप लगे है और ऐसे व्यक्ति के पास जाना भाजपा की घटिया राजनीति को दर्शाता है। भाजपा शुरू से ही ध्रुविकरण की राजनीति करती आई है। पंजाब की सीमाएं हिमाचल के साथ लगती है और बाबा राम रहीम के अनुयायी भी यहां है और उन्हें अपने पक्ष में करने में भाजपा लगी हुई है, जिसको देखते हुए बाबा राम रहीम को पैरोल पर बाहर लाया गया है। उन्होंने कहा कि भाजपा बाबा राम रहीम अपने फायदे के लिए पैरोल पर बाहर लाती है, लेकिन इस बार प्रदेश की जनता इनके झांसे में आने वाली नहीं है और लोग डबल इंजन की सरकार से परेशान है और जनता इन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाएगी।
बता दें कि बाबा राम रहीम को 40 दिन के लिए पैरोल पर भेजा गया है। इस दौरान वे ऑनलाइन सत्संग कर रहे है। वहीं सत्संग में बीजेपी सरकार के परिवहन मंत्री आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। मंत्री बिक्रम ठाकुर जसवां-प्रागपुर से विधायक हैं। सत्संग में पहुंच कर परिवहन मंत्री ने कहा कि मैं स्थानीय विधायक और मंत्री हूं ओर आपसे आशीर्वाद लेने आया हूं। अब इसी मुद्दे को चुनावी समय में कांग्रेस की ओर से उठाया गया है।
