अरविंदर सिंह, हमीरपुर: प्रदेश में विधानसभा चुनावों को लेकर पार्टियों ने जनता से चुनावी वादे करने शुरू कर दिए हैं। जनता का वोट पाने के लिए पार्टियां अलग-अलग तरह की घोषणाएं कर रही है। अभी हाल ही में कांग्रेस की ओर से प्रदेश में सत्ता में आने पर 300 यूनिट बिजली फ्री करने के साथ ही 18 से 60 वर्ष की महिलाओं को 1500 रुपए प्रति माह देने की बात कही गई है। कांग्रेस पार्टी की ओर से की गई इन घोषणाओं पर पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा की चुनावों के समय मुफ़्त देने की घोषणा करने से पूर्व आर्थिक आधार पर उसका आंकलन होना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि जनता को मुफ्त सुविधाएं देने के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी लिखा है की जो राज्य इस तरह की घोषणा कर रहे हैं उन्हें पड़ोसी देश श्रीलंका का हाल भी देख लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस तरह की घोषणाएं करने से पूर्व आर्थिक आंकलन करना जरूरी है। उन्होंने कांग्रेस को घेरते हुए कहा कि प्रदेश के कांग्रेस के नेता अपने-अपने स्तर पर ही घोषणाएं कर रहे है और उनमें आपसी तालमेल नहीं दिखाई दे रहा है।
इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ने भाजपा में शामिल हो रहे नेताओं के मुद्दे पर कहा कि संगठन इस पर फ़ैसला लेता है और संगठन को चाहिए कि पार्टी के निष्ठावान कार्यकर्ताओं को भी हर मुद्दे पर तवज्जों मिले। उन्होंने कहा की यह दायित्व पार्टी संगठन का होता है लेकिन संगठन को चाहिए कि किसी के पार्टी में शामिल होने से पार्टी को मजबूती मिले तो अच्छा है लेकिन उसके आने से पार्टी के निष्ठावान कार्यकर्ताओं की अनदेखी ना हो यह भी सुनिश्चित होना चाहिए। उन्होंने कहा कि अपनी महत्वाकांक्षा के लिए पार्टी को नुकसान पहुंचाने वाले नेताओं पर भी संगठन को सोच समझ कर फैसला लेना चाहिए।
वहीं चुनावों के समय पार्टियों की ओर से भ्रष्टाचार के खिलाफ चार्जशीट बनाने के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि भाजपा ने भी कांग्रेस के खिलाफ़ चार्ज शीट बनाई थी लेकिन उस पर कार्रवाई ना होने की वजह प्रदेश सरकार ही बता सकती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने भी चार्ज शीट बनाने की बात की है यह आने वाले वक्त में पता चलेगा । उन्होंने कहा कि अगर भ्रष्टाचार हुआ है और उसके साक्ष्य उनके पास है तो ऐसे मामलों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
