बिलासपुर/सुभाष ठाकुर – बिजली विभाग के बार-बार कहने के बावजूद उपभोक्ता बिजली का बकाया जमा नहीं कर रहे हैं। ने लाखों रुपए बिजली के बिल पर कुंडली मारकर बैठे उपभोक्ताओं के खिलाफ विद्युत उपमंडल घुमारवीं ने अब कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। जिसके तहत विभाग ने पहले चरण में करीब 30 उपभोक्ताओं पर लंबे समय से बिजली का बिल नहीं देने पर कार्यवाही करते हुए उनके कनेक्शन काट दिए ।क्योंकि शासन स्तर से बिजली का बकाया बिल जमा करने के लिए लगातार बिजली विभाग के अधिकारियों पर दबाव पड़ रहा है । उच्च अधिकारियों ने बकाया जमा न करने वाले डिफॉल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटने के आदेश जारी कर दिए हैं।
इन्होंने नहीं दिया बिजली बिल
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार घुमारवीं विद्युत उपमंडल -1 में कुल 13608 उपभोक्ता है ।जिसमें से करीब 450 उपभोक्ता लंबे समय से बिजली का बिल ना भरने के कारण डिफाल्टर घोषित किए गए हैं।विभाग के अनुसार इन उपभोक्ताओं पर बिजली के बिल के रूप में करीब 58 लाखों रुपए की राशि बकाया है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि इन डिफाल्टर को पहले ही नोटिस जारी कर दिए गए थे, उसके बावजूद भी इन्होंने बिल जमा नहीं करवाए । जिसके चलते विभाग ने इन के कनेक्शन काटने के आदेश जारी किए हैं। बिजली विभाग के लाखों रुपए पर कुंडली मारने वाले उपभोक्ता केवल घरेलू और व्यवसायिक उपभोक्ता ही नहीं है। बल्कि डिफाल्टर में सबसे ज्यादा गिनती सरकारी विभागों की है। डिफाल्टर उपभोक्ताओं की लिस्ट में सबसे ज्यादा उपभोक्ता शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले करीब 25 स्कूल है , जिन पर विभाग के लाखों रुपए बकाया है । इसके अलावा अन्य विभागों में एग्रीकल्चर, जल शक्ति विभाग नगर परिषद आदि भी विद्युत विभाग के लाखों रुपए की देनदारी में शामिल है।
सहायक अभियंता सुन्नी जगोता ने बताया कि इस समय व्यवसायिक उपभोक्ताओ से 18 लाख 46 हजार 637 रुपये, घरेलू उपभोक्ताओं से 23 लाख 13हजार 276 रुपए , जल शक्ति विभाग से 5 लाख 22 हजार 206 रुपए शिक्षा विभाग से 3 लाख 74 हजार 325 रुपये लघु उद्योगो से 3 लाख 59 हजार 888 रुपए, नगर परिषद से 47 हजार 416 रुपये और अस्थाई उपभोक्ताओ से 1 लाख 87 हजार 80 रुपये के बिल बकाया है। उन्होंने बताया कि बिजली विभाग के एक बार कनेक्शन काटने के बाद उपभोक्ताओं को बिजली बिल जमा करने के साथ कनेक्शन के लिए अलग से राशि जमा करनी पड़ेगी, तभी कनेक्शन प्रदान किया जाएगा। बिजली कनेक्शन काटने के बाद भी अगर उपभोक्ताओं ने बिल जमा नहीं किया तो बिजली विभाग उनके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई भी करेगी।
