मंडी/परी शर्मा: पेंशनर फेडरेशन की बैठक का आयोजन लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह ब्लोटू में हुआ। जिसकी अध्यक्षता पेंशनर प्रकोष्ठ के चेयरमैन घनश्याम शर्मा ने की। इस अवसर पर घनश्याम शर्मा ने कहा कि जो पिछली सरकार थी, उन्होंने पेंशनर्स के मुद्दों में दिलचस्पी नहीं दिखाई।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश का जो वरिष्ठ नागरिक है, उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन काल हिमाचल प्रदेश की तरक्की में लगा दिया। लेकिन जब भाजपा की सरकार बनी तो मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सबसे पहले यही नारा दिया कि बुजुर्गों को सम्मान देना चाहिए। परंतु बीच में करोना का मुश्किल समय आया ।जिसके कारण बहुत सारी चीजें रुकी रही। उसके पश्चात हिमाचल प्रदेश सरकार ने कर्मचारी पेंशनर और श्रमिक कल्याण बोर्ड का गठन किया।
उसकी जिम्मेवारी उन को दी गई जिसमें पेंशनर और श्रमिक की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने का कार्य सौंपा गया। जिसमें वे सफल रहे। घनश्याम शर्मा ने मुख्यमंत्री और सभी पेंशनर्स कर्मचारियों का धन्यवाद किया जिन्होंने उनका साथ दिया। नतीजा यह निकला कि 65 70 और 75 की मांग जो पिछले10- 12 वर्षों से पेंशनर्स कर रहे थ। उन्हें पूरा किया गया।
