राहुल चावला,धर्मशाला: भाजपा की ओर से टिकट आबंटन होने के बाद से भाजपा में लगातार बग़ावत के सुर बुलंद हो रहे है। अब फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र से राकेश पठानिया को टिकट मिलने और अपना टिकट कटने पर कृपाल परमार बगावत पर उतर आए हैं। गुरुवार को एक ओर जहां एक तरफ घोषित उम्मीदवार राकेश पठानिया का स्वागत समारोह चल रहा था वहीं फतेहपुर के एक निजी पैलेस में प्रदेश उपाध्यक्ष कृपाल परमार ने एक जनसभा का आयोजन कर राकेश पठानिया को टिकट देने पर आपत्ति जताई।
कृपाल परमार अपना टिकट कटने पर बेहद आहत नज़र आए। यहां तक कि मंच पर अपने संबोधन के दौरान वह भावुक भी हो गए और उनकी मन के अंदर भरा दर्द उनकी आंखों से छलक गया। इस मौके पर कृपाल परमार ने पूर्व वन-मंत्री पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वन मंत्री ने जायका के फर्जी बिल पास करवाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। वहीं जितनी वन संपदा इनके कार्यकाल में नष्ट हुई है इतनी पिछले 100 सालों में नहीं हुई हैं। उन्होंने ठेकेदारों से मिलीभगत कर अवैध खैर कटान के आरोप लगाए व कार्रवाई करने पर उप वन सरंक्षण (डीएफओ) को स्थानांतरित करने के आरोप भी लगाए।
कृपाल परमार ने साफ शब्दों में कहा कि मैं आजाद चुनाव लड़ूंगा व जीत हासिल करूंगा। कृपाल परमार ने अपने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा की जब टिकट कटता है तो उसे अपनी परछाई के सिवाए कुछ नहीं दिखता है। उन्होंने कहा कि मैंने अपने जीवन मैं नहीं सोचा था की मुझे आजाद चुनाव लड़ना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि मैंने चालीस साल पार्टी की सेवा की उसके बदले पार्टी ने मुझे दिया भी बहुत कुछ, लेकिन हर मंच पर बार बार बेइज्जत किया गया।
उन्होंने कहा कि मैंने फतेहपुर का बेटा बनकर नहीं लेकिन सेवक बन कर काम किया। उन्होंने कहा कि चार साल विधायक ना होने के उपरांत भी फतेहपुर की जनता की सेवा की। उन्होंने कहा कि हम आपकी इच्छा के अनुसार कल नामांकन भरेंगे व मतदान करेंगे। परमार ने आरोप लगाया की राकेश पठानिया ने दो सौ साल पुराने पेड़ों के साथ साथ शामलात भूमि व जंगलों को नष्ट किया है।
राकेश पठानिया को फतेहपुर की टिकट नहीं मिली बल्कि मिली है अपने कर्मों की सजा
कृपाल परमार ने कहा कि राकेश पाठनियां को फतेहपुर की टिकट नहीं मिली बल्कि आपके कर्मों की सजा मिली है। उन्होंने कहा की राकेश पठानिया को मालविका पठानिया बना कर नूरपुर भेजूंगा। उन्होंने कहा कि नीयत में सेवा करने का जज्बा हो तो उसके लिए दिल चाहिए और साजिश करने के लिए दिमाग चाहिए। उन्होंने कहा कि जो नूरपुर के लोगों का भला नहीं कर पाए वो फतेहपुर की क्या सेवा करेगा-? परमार ने मतदाताओं से आग्रह करते हुए कहा कि अपने मत का सही इस्तेमाल करें। गलत व्यक्ति को सिस्टम से बाहर निकालें।
