बिलासपुर/सुभाष ठाकुर: हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय द्वारा प्रथम वर्ष के छात्रों के घोषित रिजल्ट के बेहद खराब परिणाम आने के कारण छात्रों ने महाविद्यालय में धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। छात्रों का आरोप था की पेपरों को सही ढंग से जांच नहीं की गई है जिस कारण सभी छात्रों का परिणाम बेहद निराशाजनक रहा है। दो दिन पहले हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने अपना बीए, बीएससी, बी कोम प्रथम वर्ष का परिणाम घोषित किया। जिसमें 85% बच्चे फेल पाए गए है। इसके चलते एनएसयूआई ने घुमारवीं में शांतिपूर्वक धरना प्रदर्शन किया और पेपरों को सही ढंग से दोबारा चेक करने की माँग की जो बच्चे अपनी पिछली कक्षाओं मे से पास हुए थे और कॉलेज की आंतरिक मुल्यांकन मे अच्छे नंबर लिए है व अधिकतर बच्चे अपनी परीक्षाओं मे फेल पाए गए।
छात्रों का यह भी आरोप था कि विश्वविद्यालय ने इस बार नये तरीक़े से पेपर चेक किए जिसमें बच्चों के पेपर निजी कम्पनियों को ठेके पर देकर चेक करवाए। जिससे पेपर चेकिंग में चूक हुई है। एनएसयूआई जिलाध्यक्ष अभिषेक भारद्वाज ने कहा एसा करके प्रशासन छात्रों के भविष्य को अंधकार की तरफ़ धकेल रहा है। एनएसयूआई ने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की है कि छात्रों के पेपर री चेक करवाए जायें और रिचेकिंग व रिवैल्यूएशन का परिणाम जल्दी से जल्दी घोषित किया जाये ताकि जो छात्र कम नंबरों से फेल हुए हैं या जिनके पेपर चेक करने में चूक हुई हो। उनका साल बर्बाद ना हो। अगर प्रशासन छात्रों के हितों में फ़ैसला नहीं लेता है तो एनएसयूआई पूरे प्रदेश भर में उग्र आंदोलन करेंगे।
