Kangra, Sanjeev -:ज्वाली उपमंडल में कृषि एवं पशुपालन मंत्री प्रो. चंद्र कुमार की अध्यक्षता में विकास कार्यों की प्रगति को लेकर उपमंडल स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया और क्षेत्र में संचालित योजनाओं की वर्तमान स्थिति से अवगत करवाया।
कृषि मंत्री ने विधायक प्राथमिकता योजनाओं सहित सभी विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी परियोजनाएं तय समयसीमा के भीतर और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरी की जाएं, ताकि आम जनता को समय पर लाभ मिल सके।उन्होंने लोक निर्माण विभाग को ज्वाली डिग्री कॉलेज भवन निर्माण के लिए वन विभाग से फॉरेस्ट क्लीयरेंस शीघ्र प्राप्त करने तथा भूमि शिक्षा विभाग के नाम स्थानांतरित करवाने के निर्देश दिए। साथ ही ज्वाली खेल मैदान निर्माण के लिए वन विभाग से एनओसी जारी करने और राजस्व विभाग को भूमि खेल विभाग को सौंपने के आदेश दिए गए।स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए मंत्री ने ज्वाली अस्पताल की पुरानी इमारत की मरम्मत, 50 बिस्तरों वाले नए अस्पताल भवन तथा नगरोटा सूरियां अस्पताल के निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
सड़क परियोजनाओं पर चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि पीएमजीएसवाई-III के अंतर्गत क्षेत्र में सड़कों के सुधार पर करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं। नगरोटा सूरियां–देहरा मार्ग को यातायात दबाव को देखते हुए डबल लेन किया जा रहा है। गज्ज खड्ड पर 87 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले पुल के लिए मिट्टी की जांच पूरी हो चुकी है और शीघ्र निर्माण कार्य आरंभ होगा। अनूही में देहर खड्ड पर प्रस्तावित पुल को लेकर भी अधिकारियों से विचार-विमर्श किया गया।
जल शक्ति विभाग की योजनाओं की जानकारी लेते हुए मंत्री ने बताया कि ज्वाली शहर में अमृत-2 योजना के तहत 15.50 करोड़ रुपये की लागत से 24 घंटे पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने का कार्य प्रगति पर है। वहीं घाड़-जरोट क्षेत्र की 16 पंचायतों के 45 गांवों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए 29.65 करोड़ रुपये की लागत से उठाऊ पेयजल योजना प्रस्तावित है।
नगरोटा सूरियां में 34 करोड़ रुपये की लागत से सीवरेज परियोजना के निर्माण में तेजी लाने के निर्देश देते हुए उन्होंने बरसात के दौरान देहर खड्ड से होने वाले नुकसान को रोकने के लिए तटीकरण एवं चैनलाइजेशन योजना की डीपीआर नाबार्ड को भेजे जाने की जानकारी दी।बैठक में अवैध अतिक्रमण के मामलों पर भी चर्चा हुई, जिस पर कृषि मंत्री ने राजस्व विभाग को तत्काल निशानदेही कर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।अंत में उन्होंने अधिकारियों को जनता की समस्याओं के प्रति संवेदनशील रहते हुए त्वरित समाधान सुनिश्चित करने को कहा और दोहराया कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार जनहित और विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
