चन्द्रिका – कचनार एक मौसमी सब्जी है, इसके फूल दिखने में बेहद आकर्षक होते हैं। वहीं ये स्वास्थ्य के लिए भी बेहद उपयोगी है । इसका सेवन कई तरह की बीमारियों को दूर करने के लिए भी किया जाता है ।
कचनार के फूल की कलियां को देशी घी में भूनकर सुबह-शाम नियमित रूप से खाने से भूख बढ़ती है। वहीं शरीर के किसी भी अंग या भाग में सूजन है तो कचनार की जड़ को पानी में घिस कर गर्म कर लें और सूजे हुए स्थान पर लेप करने से सूजन ठीक हो जाती है ।
पाचन तंत्र में सुधार
पेट में गैस की समस्या होने पर कचनार की छाल का काढ़ा बनाकर पी सकते हैं। इसके लिए कचनार की छाल को पानी में डालें और आधा चम्मच अजवाइन मिलाकर इसे अच्छे से उबाल लें। सुबह-शाम भोजन करने के बाद इसका सेवन करने से पेट फूलना, गैस, पेट दर्द आदि की तकलीफ दूर होती है।
मुंह के छाले से मिलेगी निजात
मुह के छाले ठीक करने के लिए कचनार की छाल का प्रयोग किया जाता है । कचनार की छाल के काढ़े में थोड़ा- सा कत्था मिलाकर छालों पर लगाते रहने से जल्द लाभ मिलता है । अधिक समस्या होने पर इसे कई दिनों तक लगातार लगाना होगा ।
दांत की दर्द को भी दूर भगाए
दांत के दर्द को दूर करने के लिए कचनार का प्रयोग किया जाता है । इसके लिए कचनार की छाल को जलाकर राख बनाएं, फिर उससे मंजन करें । दांत दर्द दूर होकर मसूड़ों से रक्तस्त्राव की शिकायत दूर होगी ।
थायरॉइड की बीमारी के इलाज के लिए भी कर सकते हैं सेवन
थायरॉइड की बीमारी के इलाज के लिए कचनार गुग्गुल का सेवन किया जा सकता है। यह थायरॉइड ग्लैंड और थायरॉइड हार्मोन को संतुलित और स्वस्थ रखने में मदद करता है। कचनार गुग्गुल के सेवन से थायरॉइड की सूजन को कम करने में मदद मिलती है।
खून का गाढ़ापन कम करने में भी मिलती है मदद
कचनार गुग्गुल का सेवन करने से ब्लड की सफाई होती है। इसमें मौजूद तत्व खून को साफ करने और कोलेस्ट्रोल को कम करने में मदद करते हैं। इसका सेवन करने से खून का गाढ़ापन कम करने में भी मदद मिलती है, जिससे शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है। यह शरीर में जमा विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालता है, जिससे शरीर अंदर से स्वस्थ बनता है।
