शिमला, 4फरवरी -:मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मरीजों को उच्च गुणवत्ता की दवाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से नई आवश्यक औषधि सूची (Essential Drugs List) तैयार करने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार देर सायं स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने कहा कि प्रस्तावित सूची की समीक्षा एक उच्च स्तरीय समिति द्वारा की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि दवाओं की खरीद सीधे निर्माता कंपनियों से की जाएगी, जिसके लिए आवश्यक प्रावधान सुनिश्चित किए जाएंगे। इससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त होगी और दवाओं की आपूर्ति व्यवस्था अधिक पारदर्शी व समयबद्ध बनेगी।
उन्होंने बताया कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध करवाई जा रही दवाओं की सैंपलिंग और गुणवत्ता जांच व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। इसके तहत राज्य के प्रत्येक चिकित्सा महाविद्यालय में एक समर्पित गुणवत्ता जांच सेल स्थापित किया जाएगा। राज्य सरकार इन सेल्स के लिए पर्याप्त स्टाफ, प्रशिक्षण और आवश्यक उपकरण उपलब्ध करवाएगी। प्रथम चरण में यह व्यवस्था आईजीएमसी शिमला तथा डॉ. राजेन्द्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय टांडा में शुरू की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि मरीजों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हिमाचल प्रदेश में दवा निर्माता कंपनियों द्वारा निर्मित दवाओं की गुणवत्ता की नियमित जांच सुनिश्चित की जाए और औषधि एवं प्रसाधन सामग्री नियम, 1945 की अनुसूची-एम के प्रावधानों को सख्ती से लागू किया जाए।बैठक में सचिव स्वास्थ्य एम. सुधा देवी, विशेष सचिव अश्विनी कुमार, निदेशक आयुष निपुण जिंदल, निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. राकेश शर्मा, निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं डॉ. गोपाल बेरी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
